
नई दिल्ली। अमेजन, मेटा और ट्विटर के बाद अब सिस्को भी उन बड़ी कंपनियों की लिस्ट में शामिल हो गई है जो अपने यहां कर्मचारियों की छंटनी कर रही हैं। नेटवर्किंग की दिग्गज कंपनी सिस्को ने 4,100 से कर्मचारियों को बाहर निकालने का फैसला किया है। यह कंपनी के कुल कर्मचारियों का लगभग 5 प्रतिशत है।
सिलिकॉन वैली बिजनेस जर्नल की एक रिपोर्ट के अनुसार सिस्को में करीब 4,100 कर्मचारियों की छंटनी होगी। दुनियाभर में सिस्को के 83,000 कर्मचारी हैं। इस सप्ताह अपनी पहली तिमाही आय रिपोर्ट (Q1 2023) में Cisco ने 13.6 बिलियन डॉलर की कमाई की जानकारी दी है। यह पिछले साल से छह फीसदी अधिक है।
CEO चक रॉबिन्स बोले कर रहे हैं पुनर्संतुलन
सिस्को के अध्यक्ष और मुख्य कार्यकारी अधिकारी चक रॉबिन्स ने कर्मचारियों की छंटनी के बारे में कोई विवरण नहीं दिया है। उन्होंने कहा कि वह कंपनी का बहुत अधिक विस्तार करने के इच्छा नहीं रखते हैं। जब तक हम कर्मचारियों से बात नहीं करते हैं तब तक छंटनी के बारे में कुछ कह नहीं सकता। चक रॉबिन्स ने कहा, "हम जो कर रहे हैं वह कुछ व्यवसायों का अधिकार है।"
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चक रॉबिन्स ने कहा कि कंपनी द्वारा लागत कम करने के लिए छंटनी नहीं की जा रही है। हम कंपनी में पुनर्संतुलन कर रहे हैं। हम ऐसे क्षेत्र की ओर देख रहे हैं जिसमें और अधिक निवेश किया जा सकता है। कंपनी द्वारा नए क्षेत्र में निवेश करने से बहुत से लोगों को नौकरियां मिलेंगी। यह संख्या नौकरी गंवाने वाले कर्मचारियों की संख्या से थोड़ी कम होगी।
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