
नई दिल्ली। दिल्ली (Delhi) की रोहिणी कोर्ट (Rohini Court) में गैंगवार (gangwar) की घटना सुरक्षा व्यवस्था (Lapse in security) की पोल खोलती है। यह अदालतों की सुरक्षा में लगे कर्मियों की सक्रियता और मेटल डिटेक्टर्स की कार्यप्रणाली पर भी सवालिया निशान है कि सुरक्षा व्यवस्था, मेटल डिटेक्टर को धता बताते हुए अपराधी अंदर आसानी से हथियार लेकर चले गए। हालांकि, यह तो सीसीटीवी फुटेज या अन्य जांच से ही सुरक्षा में कहां खामी हुई पता चल सकेगा लेकिन कोर्ट परिसर में ऐसी चूक कतई छोटी बात नहीं। कोर्ट में जहां हजारों की संख्या में लोग रोज आते हैं और दिल्ली हमेशा ही हाईअलर्ट पर रहती।
पुलिस प्रमुख का यह है बयान
दिल्ली पुलिस आयुक्त राकेश अस्थाना (Rakesh Asthana) ने ने बताया कि प्रतिद्वंद्वी गिरोह के दो लोगों ने कोर्ट के अंदर गैंगेस्टर जितेंद्र गोगी पर गोलियां चलाकर उसको मौत के घाट उतार दिया। पुलिस ने जवाबी कार्रवाई में दोनों हमलावरों को मार गिराया। अस्थाना ने कहा- पुलिस ने तेजी से कार्रवाई की और दोनों हमलावरों को मार गिराया। गोगी समेत कुल तीन लोग मारे गए। पुलिस ने कहा कि दोनों गिरोहों के बीच झड़पों में पिछले कुछ वर्षों में 25 से अधिक लोगों की मौत हो चुकी है।
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यह है घटना
रोहिणी कोर्ट परिसर (Rohini Court) में शुक्रवार को गैंगवार में गैंगेस्टर व दो शूटर की हत्या हो गई। शुक्रवार को एक गैंगस्टर जीतेंद्र गोगी को पुलिस पेशी पर लेकर आई थी। वहां उसे मारने 2 शूटर पहले से ही मौजूद थे। उन्होंने गोगी पर फायरिंग कर दी। इससे उसकी मौके पर ही मौत हो गई। कोर्ट में मौजूद पुलिस ने जवाबी कार्रवाई में दोनों शूटरों को मार गिराया। शूटर्स की पहचान मॉरिस और राहुल के तौर पर हुई है।
पहले से ही मौजूद थे शूटर
बताया जा रहा है कि रोहिणी कोर्ट में गैंगस्टर जीतेंद्र गोगी की पेशी होनी थी। उस समय एडिशनल सेशन जज गगनदीप कोर्ट में सुनवाई के लिए मौजूद थे। दो शूटर पहले से ही कोर्ट में पहुंच गए थे। जैसे ही गोगी पेशी के लिए अंदर जाता है, शूटर उस पर फायरिंग शुरू कर देते हैं। घटना के वक्त कोर्ट परिसर में बड़ी संख्या में पुलिस बल मौजूद था। पुलिस की जवाबी कार्रवाई में दोनों शूटर भी मारे गए।
2 साल पहले ही गैंगस्टर को पकड़ा गया था
गैंगस्टर गोगी को 2 साल पहले ही अरेस्ट किया गया था। उसे स्पेशल सेल ने गुरुगाम से पकड़ा था। आशंका है कि इस गैंगवार में मौतों का आंकड़ा बढ़ सकता है। फायरिंग कोर्ट नंबर-206 के बाहर हुई। इस गैंगवॉर के पीछे कुख्यात टिल्लू गिरोह का हाथ बताया जा रहा है। टिल्लू से जीतेंद्र की पुरानी दुश्मनी थी। 2018 में दिल्ली के बुराड़ी में भी दोनों गैंगस्टर के बीच गैंगवार हुआ था। इसमें 3 लोगों की मौत हो गई थी, जबकि 5 लोग घायल हुए थे। बताया जाता है कि तब टिल्लू के गैंग पर गोगी ने हमला किया था।
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