Chandrayaan-3: जानें कैसे चंद्रमा की सतह पर उतरा विक्रम लैंडर, तनाव भरे 20 मिनट के दौरान क्या हुआ

Published : Aug 23, 2023, 12:05 PM ISTUpdated : Aug 23, 2023, 06:17 PM IST
Vikram lander

सार

विक्रम लैंडर के चंद्रमा की सतह पर लैंडिंग कर ली है। यह प्रक्रिया शाम करीब 5:45 बजे शुरू हुई। शाम 6:04 बजे लैंडिंग हुई। इस दौरान 20 मिनट बेहद तनाव भरे रहे। 

नई दिल्ली। इसरो (Isro) द्वारा भेजे गए चंद्रयान-3 (Chandrayaan 3) ने बुधवार शाम 6:04 बजे चंद्रमा के दक्षिणी ध्रुव पर सॉफ्ट लैंडिंग कर ली। इस क्षेत्र में लैंडिग इतना कठिन है कि अभी तक किसी देश को इसमें कामयाबी नहीं मिली थी। विक्रम लैंडर के चांद पर उतरने से पहले के 20 मिनट सबसे तनावभरे रहे।

लैंडिंग की प्रक्रिया शाम करीब 5:45 बजे शुरू हुई। उस वक्त विक्रम लैंडर चंद्रमा की सतह से करीब 30 किलोमीटर की ऊंचाई पर था। लैंडिंग के लिए चुने गए इलाके से उसकी दूरी 745.5 km थी। 30 km की ऊंचाई से विक्रम लैंडर ग्लाइड करते हुए नीचे पहुंचा। उस वक्त इसकी रफ्तार 1.6 किलोमीटर प्रति सेकंड थी।

690 सेकंड के बाद चालू हुए विक्रम लैंडर के इंजन

690 सेकंड के बाद विक्रम लैंडर के इंजन चालू हुए। इंजन से निकलने वाली ऊर्जा ने एंटी थ्रस्ट के रूप में काम किया, जिससे लैंडर की रफ्तार कम हुई। इसके साथ ही लैंडर धीरे-धीरे चांद की सतह की ओर बढ़ा और लैंडर की रफ्तार घटकर 60 मीटर प्रति सेकंड हुई। इस प्रक्रिया के अंत तक विक्रम लैंडिग के लिए चुने गए इलाके से 32 किलोमीटर दूर पहुंचा। वह करीब 7.5 किलोमीटर की ऊंजाई पर मंडराया। इस दौरान लैंडर के कैमरे से चांद की सतह की तस्वीरें ली गईं और लैंडिग साइट को डबल चेक किया गया।

यह भी पढ़ें- Chandrayaan-3: इसरो के सबसे बड़े स्पेस मिशन में ये हैं वो 4 प्रमुख साइंटिस्ट

इस चरण के दौरान विक्रम लैंडर के सभी सेंसरों को बारीकी से कैलिब्रेट किया गया। चंद्रमा के लैंडिंग वाले इलाके की जांच की गई। जगह तय होने पर लैंडिंग के लिए विक्रम आगे बढ़ा। इस दौरान विक्रम सीधा हो गया तब सतह से उसकी ऊंचाई 800-1300 मीटर थी। लैंडिंग साइट पर पहुंचने के बाद विक्रम के कैमरा ने सतह की तस्वीरें ली। विक्रम इस दौरान हवा में मंडराया और नीचे आने के लिए सही जगह का चुनाव किया।

यह भी पढ़ें- Chandrayaan 3: जानें कौन हैं एस सोमनाथ, जो कर रहे हैं इसरो के मिशन चंद्रयान-3 को लीड

ऐसा करीब 12 सेकेंड तक हुआ और लैंडर की ऊंचाई 150 मीटर रह गई। लैंडिग की जगह तय होने पर विक्रम नीचे आया। लैंडर को 150 मीटर की ऊंचाई से सतह पर आने में 73 सेकंड लगे। विक्रम लैंडर के पैरों ने चांद की सतह को सेंस किया। इसके कुछ देर बाद प्रज्ञान रोवर बाहर आया। यह अगले 14 दिनों तक चंद्रमा की सतह पर खोजबीन करेगा।

ISRO Chandrayaan 3 Landing LIVE Update

PREV

National News (नेशनल न्यूज़) - Get latest India News (राष्ट्रीय समाचार) and breaking Hindi News headlines from India on Asianet News Hindi.

Recommended Stories

बाइक पर पत्नी ने 27 सेकेंड में पति को जड़े 14 थप्पड़, देखें Viral Video
Viral Road Rage Video: HR नंबर प्लेट Thar के कारनामें ने इंटरनेट पर मचाई खलबली