छत्तीसगढ़ में मानवता हुई शर्मसार, जमीनी विवाद ने लिए विकराल रूप, हुआ कुछ ऐसा की देखकर चौंक जाएंगे आप

Published : May 31, 2024, 02:43 PM IST
chhattisgarh crime

सार

छत्तीसगढ़ के बिलासपुर में देखने को मिला, जहां कुछ लोगों ने दो महिलाओं पर जमीनी विवाद को लेकर जान से मारने पर उतारू हो गए। आरोपी व्यक्ति ने पहले तो महिलाओं को खूब मारा।

chhattisgarh woman crushed by tractor: कहते हैं आज के समय में इंसान इंसानों का दुश्मन बन बैठा है। लोग आपस में छोटी-छोटी बातों को लेकर लड़ाई झगड़ा करने लगते हैं और इस दौरान एक-दूसरे के मौत के दुश्मन बन जाते है। ऐसा ही कुछ वाक्या छत्तीसगढ़ के बिलासपुर में देखने को मिला, जहां कुछ लोगों ने दो महिलाओं पर जमीनी विवाद को लेकर जान से मारने पर उतारू हो गए। आरोपी व्यक्ति ने पहले तो महिलाओं को खूब मारा। इतने पर भी मन नहीं भरा तो उन्होंने महिलाओं पर ट्रैक्टर चढ़ा दी। हालांकि, खुशकिस्मती ये रही की महिलाएं सुरक्षित है और उन्हें बस चोट लगा है। इसके बावजूद एक तरफ भारत में महिला सुरक्षा को लेकर सरकार तरह-तरह की बातें करती है, वहीं दूसरी तरफ हमें समाज में ऐसा भी कुछ देखने को मिलता है।

 

 

बिलासपुर के कोटवार गांव में हुए विवाद में महिलाओं पर ट्रैक्टर चढ़ाने के बाद उन्हें घायल हालत में शहर के सिम्स अस्पताल में भर्ती कराया गया है। इस घटना से जुड़ा वीडियो भी सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म पर काफी वायरल हो रहा है। रिपोर्ट के मुताबिक कोटवार गांव के मनीराम गोंड का परिवार ग्राम पंचायत में स्थित सरकारी जमीन पर खेती करता है। इसी से उनके परिवार का जीवन यापन चलता है। हालांकि, इस जमीन पर गांव के ही वीरेंद्र रजक की कई सालों से बुरी नजर थी। इसी के चलते उसने जमीन पर कब्जा करने की कोशिश में लड़ाई की और पीड़ित परिवार की महिलाओं पर ट्रैक्टर चढ़ा दी।

ये भी पढ़ें: छत्तीसगढ़ की बारुद फैक्ट्री में ब्लास्ट के बाद थर्रा उठा था पूरा क्षेत्र, मृतकों को मुआवजा का हुआ ऐलान

PREV

छत्तीसगढ़ की सरकारी योजनाएं, शिक्षा-रोजगार अपडेट्स, नक्सल क्षेत्र समाचार और स्थानीय विकास रिपोर्ट्स पढ़ें। रायपुर, बिलासपुर, दुर्ग और बस्तर क्षेत्र की खबरों के लिए Chhattisgarh News in Hindi सेक्शन फॉलो करें — सबसे विश्वसनीय राज्य कवरेज यहीं।

Recommended Stories

Mahtari Vandan Yojana: दिवाली से पहले महिलाओं को तोहफा, 67 लाख खातों में आए 632 करोड़ रुपये
Bastar News: जंगलों से निकलकर एकता नगर पहुंचे सुकमा के 50 ग्रामीण, पहली ट्रेन यात्रा बनी यादगार