Asianet News Hindi

मोबाइल ऐप्स से हुआ करोड़ों रुपए का लोन घोटाला, 16 लोगों की गिरफ्तारी के साथ 75 बैंक अकाउंट किए फ्रीज

मोबाइल ऐप्स (Mobile Apps) के जरिए लोन देने का एक बड़ा घोटाला हैदराबाद में सामने आया है। करोड़ों रुपए के इस घोटाले के सामने आने के बाद तेलांगना पुलिस ने 16 लोगों को गिरफ्तार किया है। इसके अलावा, 75 बैंक अकाउंट फ्रीज कर दिए गए हैं।

Mobile apps loan scam, Hyderabad Police arrested 16 people MJA
Author
Hyderabad, First Published Dec 24, 2020, 3:13 PM IST
  • Facebook
  • Twitter
  • Whatsapp

बिजनेस डेस्क। मोबाइल ऐप्स (Mobile Apps) के जरिए लोन देने का एक बड़ा घोटाला हैदराबाद में सामने आया है। करोड़ों रुपए के इस घोटाले के सामने आने के बाद तेलांगना पुलिस ने 16 लोगों को गिरफ्तार किया है। इसके अलावा, 75 बैंक अकाउंट फ्रीज कर दिए गए हैं। बता दें कि हैदराबाद में आत्महत्या के 3 मामले सामने आए थे। ये मोबाइल ऐप्स के जरिए तुरंत लोन लेने वाले लोग थे। इन्हें लोन देने वाले वसूली के लिए बुरी तरह धमका रहे थे और काफी परेशान कर रहे थे। जब आत्महत्या के ये मामले सामने आए तो पुलिस की छानबीन में मोबाइल ऐप्स के जरिए फटाफट लोन देने वाले गिरोह का पता चला। यह गिरोह 30 मोबाइल ऐप्स के जरिए 35 फीसदी ब्याज पर लोन दे रहा था। इसे रिजर्व बैंक ऑफ इंडिया (RBI) की मंजूरी नहीं मिली थी। बता दें कि बुधवार को ही रिजर्व बैंक ऑफ इंडिया ने अवैध डिजिटल प्लेटफॉर्म और मोबाइल ऐप के जरिए लोन लेने से बचने के लिए लोगों को आगाह किया है और अलर्ट जारी किया है। 

75 बैंक अकाउंट फ्रीज, 16 गिरफ्तार
मोबाइल ऐप के जरिए फर्जी तरीके से लोन देने और कर्जदारों का उत्पीड़न करने के मामले में तेलंगाना पुलिस ने अब तक 16 लोगों को गिरफ्तार किया है। इसके साथ ही 75 बैंक खातों को भी फ्रीज किया गया है, जिनमें 423 करोड़ रुपए जमा हैं। इस गिरोह के सरगना सरथ चंद्र को गिरफ्तार कर लिया गया है। साइबराबाद पुलिस इस मामले की जांच कर रही है। 

सरथ चंद्र ने अमेरिका से की है पढ़ाई
मोबाइल ऐप्स के जरिए लोन देने वाले गिरोह के सरगना सरथ चंद्र ने अमेरिका से इंजीनियरिंग की पढ़ाई की है। दो कंपनियों के जरिए वह लोगों को कर्ज देता था। उसने ओनियन क्रेडिट प्राइवेट लिमिटेड और फॉक्स टेक्नोलॉजीज के नाम से बेंगलुरु में कंपनी बना ली थी। ये कंपनियां लोन एप्लिकेशन बेचती थीं। इसी काम के लिए गुरुग्राम और हैदराबाद में 3 कॉल सेंटर बनाए गए थे, जिनमें हजारों की संख्या में लोग काम करते थे। इनमें काम करने वाले ज्यादातर कॉलेज में पढ़ने वाले स्टूडेंट्स थे।

डिजिटल प्लेटफॉर्म से सवाधान रहना जरूरी
इस तरह के फर्जीवाड़े की संभावना को देखते हुए ही रिजर्व बैंक ऑफ इंडिया (RBI) ने लोगों को आगाह किया है कि वे ऐप और डिजिटल प्लेटफॉर्म के जरिए लोन देने वालों से सावधान रहें। किसी भी कंपनी से लोन लेने के पहले उसके बारे में पड़ताल कर लेना जरूरी है। ऐसी कंपनियां लोन देने के बाद उगाही के लिए गलत तरीके अपनाती हैं। मोबाइल ऐप के जरिए लोगों के पर्सनल डेटा भी चुराए जा सकते हैं और उनका गलत इस्तेमाल किया जा सकता है।    

Follow Us:
Download App:
  • android
  • ios