शेयर बाजार में 700 अंकों की बंपर तेजी क्यों आई? जानें लगातार दूसरे दिन सेंसेक्स-निफ्टी भागने के 5 सबसे बड़े कारण। LTCG टैक्स, FIIs और कच्चे तेल का बाजार पर असर।
Share Market Rally Reasons: शेयर बाजार में आज लगातार दूसरे दिन पैसों की बारिश हो रही है। सोमवार को सेंसेक्स में 1,200 अंकों से ज्यादा का बड़ा उछाल देखने को मिला था और वही रफ्तार मंगलवार को भी जारी है। 3 नवंबर की सुबह खुलते ही सेंसेक्स करीब 700 अंक उछलकर 76,400 के पार पहुंच गया, वहीं निफ्टी 180 अंकों की छलांग लगाकर 23,600 के पार ट्रेड कर रहा है। सुबह 9:30 बजे तक सेंसेक्स 707.90 पॉइंट्स (0.94%) और निफ्टी 180.80 पॉइंट्स (0.77%) के साथ ट्रेड कर रहा था। लगातार दूसरे दिन बाजार में आई इस 'रॉकेट' जैसी तेजी ने निवेशकों को मालामाल कर दिया है। आइए जानते हैं शेयर बाजार में अचानक इतना बंपर उछाल क्यों आया है...
शेयर बाजार भागने के 5 सबसे बड़े कारण
विदेशी निवेशकों की जोरदार वापसी
पिछले कुछ समय से विदेशी निवेशक (FIIs) भारतीय बाजार से अपना पैसा निकाल रहे थे, जिससे बाजार दबाव में था। लेकिन अब उन्होंने अपनी रणनीति बदल ली है। विदेशी निवेशकों ने फिर से बड़े पैमाने पर खरीदारी शुरू कर दी है, जिससे बाजार में नया पैसा आ रहा है और बड़े (लार्ज-कैप) शेयरों में जान आ गई है।
LTCG टैक्स में बड़ी छूट की उम्मीद
बाजार भागने का यह सबसे बड़ा ट्रिगर है। सेबी (SEBI) ने सरकार को सुझाव दिया है कि विदेशी निवेशकों के लिए लॉन्ग टर्म कैपिटल गेन (LTCG) टैक्स खत्म किया जाए। साथ ही, आम निवेशकों के लिए भी एक बड़ी राहत का प्रस्ताव है, अगर आप 1 साल बाद अपना म्यूचुअल फंड किसी दूसरी स्कीम में स्विच करते हैं, तो उस पर टैक्स न लगे। वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण ने भी कल मुंबई में साफ कहा है कि वह टैक्स को लेकर लोगों की चिंताएं सुन रही हैं। इस बयान से निवेशकों में टैक्स घटने की भारी उम्मीद जाग गई है।
कच्चा तेल हुआ काफी सस्ता
इंटरनेशनल मार्केट में कच्चा तेल (Crude Oil) गिरकर 104 डॉलर प्रति बैरल के आसपास आ गया है। भारत अपना जरूरत का ज्यादातर तेल विदेशों से खरीदता है। तेल सस्ता होने का मतलब है, देश का आयात खर्च कम होना, महंगाई कंट्रोल में रहना और कंपनियों का मुनाफा बढ़ना। इस खबर ने बाजार का मूड एकदम पॉजिटिव कर दिया है।
रिलायंस का जादू और कंपनियों के शानदार नतीजे
कंपनियों की कमाई (Q2 Earnings) बहुत शानदार आ रही है। सोमवार को रिलायंस इंडस्ट्रीज (RIL) के शेयर में 11.6% की तूफानी तेजी आई थी, क्योंकि उनके नतीजे बाजार की उम्मीद से कहीं ज्यादा अच्छे थे। कल की उस तेजी का जोश (मोमेंटम) आज भी बरकरार है और निवेशक जमकर अच्छे शेयरों में पैसा लगा रहे हैं।
विदेशी AI शेयरों से मोहभंग
ग्लोबल मार्केट का एक बड़ा ट्रेंड बदल रहा है। दुनिया भर के निवेशक अब विदेशी AI कंपनियों (आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस) के शेयरों से पैसा निकाल रहे हैं और भारत जैसे मजबूत बाजारों में लगा रहे हैं। जियोजित इन्वेस्टमेंट्स के एक्सपर्ट वीके विजयकुमार के मुताबिक, ग्लोबल AI ट्रेड कमजोर होने का सीधा फायदा भारतीय शेयर बाजार को मिल रहा है।
अब शेयर बाजार में आगे क्या?
बाजार का माहौल इस वक्त पूरी तरह पॉजिटिव है, लेकिन मार्केट एक्सपर्ट्स जोश में होश न खोने की सलाह दे रहे हैं। एक्सपर्ट्स के मुताबिक, बाजार में अभी 'Buy on dips' यानी जब बाजार थोड़ा गिरे, तब खरीदें की रणनीति सबसे बेस्ट हो सकती है। अगर आप ट्रेडिंग करते हैं, तो निफ्टी में नीचे की तरफ 23,300 और 23,200 एक मजबूत सपोर्ट हो सकता है। जब तक बाजार इसके ऊपर है, घबराने की बात नहीं है। अगर तेजी ऐसे ही बनी रही, तो निफ्टी जल्द ही 23,500 से 23,650 के लेवल्स को छू सकता है।
डिस्क्लेमर: इस आर्टिकल में दी गई जानकारी और आंकड़े सिर्फ सामान्य सूचना और शिक्षा के उद्देश्य से है। ये किसी भी तरह से शेयर खरीदने, बेचने या निवेश करने की सलाह (Investment Advice) नहीं है। शेयर बाजार (Stock Market) में निवेश बाजार जोखिमों के अधीन है। किसी भी तरह के निवेश से पहले अपने सर्टिफाइड वित्तीय सलाहकार (Certified Financial Advisor) से सलाह जरूर लें।






