छत्तीसगढ़ में एक गुप्तचर सैनिक को अगवा करके मार डालने का चौंकाने वाला मामला सामने आया है। बताते हैं कि सैनिक पहले खुद नक्सली था, लेकिन सरेंडर के बाद उसे गुप्त सैनिक के तौर पर नियुक्ति दी गई थी।

नकुलनार, छत्तीसगढ़. यहां एक गुप्तचर सैनिक की हत्या का चौंकाने वाला मामला सामने आया है। बताते हैं कि यह जवान पहले खुद भी एक नक्सली था। सरेंडर के बाद उसे गुप्तचर मिशन के तौर पर भर्ती किया गया था। शनिवार सुबह अरबे गांव के पास सड़क पर उसका शव पड़ा मिला। बताते हैं कि इस सैनिका 2 दिन पहले नक्सलियों ने किडनैप कर लिया था। यह जवान पोटली कैंप में नियुक्त था।

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मुखबिरी के शक में ली जान...
निलवाया निवासी मोहन भास्कर को शराब पीने की आदत थी। बताते हैं कि मोहन अकसर कैंप से शराब पीने के लिए गुपचुप बाहर निकल जाता था। गुरुवार शाम जब कैंप में जवानों की गणना हो रही थी, तब मोहन के गायब होने के बारे में पता चला। इसके बाद पुलिस ने उसकी तलाश शुरू की। लेकिन उसका कुछ पता नहीं चला। दो दिन बाद यानी शनिवार को उसका शव मिला। आशंका है कि मुखबिरी के शक में नक्सलियों ने मोहन की हत्या की।