Asianet News HindiAsianet News Hindi

क्या कनेरिया को मिली हिंदू होने की सजा? 10 साल में सिर्फ 61 टेस्ट, 261 विकेट

शोएब अख्तर ने कहा था कि पाकिस्तान की टीम में खिलाड़ियों को ड्रेसिंग रूम में ही खत्म कर दिया जाता था। दानिश के आंकड़े भी इस बात की गवाही देते हैं।

Was Kaneria punished for being a Hindu? Only 61 Tests in 10 years inspite of taking 261 wickets KPB
Author
New Delhi, First Published Dec 27, 2019, 12:01 AM IST
  • Facebook
  • Twitter
  • Whatsapp

नई दिल्ली. पाकिस्तान के लेग स्पिनर दानिश कनेरिया अचानक सुर्खियों में आ गए हैं। पहले शोएब अख्तर ने उनके साथ हुए भेदभाव का खुलासा किया और फिर कनेरिया ने खुद सामने आकर यह बात स्वीकार की। शोएब अख्तर ने कहा था कि पाकिस्तान की टीम में खिलाड़ियों को ड्रेसिंग रूम में ही खत्म कर दिया जाता था। दानिश के आंकड़े भी इस बात की गवाही देते हैं। कनेरिया के 10 साल के करियर में उन्हें सिर्फ 61 टेस्ट और 18 वनडे मैच खेलने का मौका मिला, जबकि टेस्ट में कनेरिया निश्चित रूप से एक मैच विनर थे।   

29 दिसंबर 2000 में अपना पहला टेस्ट खेलने वाले दानिश कनेरिया ने 61 टेस्ट में 261 विकेट झटके हैं। दानिश पाकिस्तान के लिए सबसे ज्यादा टेस्ट विकेट लेने वाले स्पिन गेंदबाज हैं। पाकिस्तान के लिए टेस्ट में सबसे ज्यादा विकेट लेने के मामले में भी कनेरिया चौथे स्थान पर हैं। हालांकि वनडे में उनका रिकॉर्ड कुछ खास नहीं है। पाकिस्तान के लिए 18 वनडे मैच खेलने वाले कनेरिया ने सिर्फ 15 विकेट निकाले। हालांकि टेस्ट में शानदार प्रदर्शन करने वाले विकेट टेकर गेंदबाज पर थोड़ा भी ध्यान दिया जाता तो निश्चित रूप से कनेरिया वनडे में भी पाकिस्तान के सबसे सफल स्पिनर होते। 

इंग्लैंड क्रिकेट बोर्ड द्वारा बैन किए जाने के बाद भी कनेरिया ने पाकिस्तान क्रिकेट बोर्ड पर अनदेखी के आरोप लगाए थे। दानिश के आरोपों में सच्चाई भी थी, क्योंकी मोहम्मद आमिर जैसे खिलाड़ी इंटरनेशनल मैच में फिक्सिंग करके वापसी कर सकते हैं तो काउंटी क्रिकेट में फिक्सिंग के बाद दानिश की वापसी भी संभव थी पर पाकिस्तान क्रिकेट बोर्ड ने कभी भी इस चैंपियन खिलाड़ी पर ध्यान नहीं दिया।  

अपने साथ हुए भेदभाव पर दनिश ने कहा "पाक खिलाड़ियों को कनेरिया के साथ खाने में समस्या होती थी क्योंकि वह टीम में एक हिंदू खिलाड़ी था। शोएब अख्तर ने सच कहा। मैं उन खिलाड़ियों के नाम बताऊंगा जो मुझसे बात करना भी पसंद नहीं करते थे क्योंकि मैं एक हिंदू था। उस समय इस पर बोलने की हिम्मत नहीं थी, लेकिन अब मैं बोलूंगा और उनके नाम बताऊंगा।"

Follow Us:
Download App:
  • android
  • ios