आज करोड़ों की फीस लेने वाले अमिताभ बच्चन कभी कोलकाता में महज ₹1,640 महीने की नौकरी करते थे। फिल्मों से पहले की उनकी जिंदगी का एक किस्सा आज भी बेहद चौंकाता है।
अमिताभ बच्चन को आज हिंदी सिनेमा का महानायक कहा जाता है। उनका नाम करोड़ों की फीस, आलीशान जिंदगी और सुपरस्टारडम से जोड़ा जाता है। लेकिन कभी यही अमिताभ कोलकाता की एक नौकरी से हर महीने सिर्फ 1,640 रुपए कमाते थे। फिल्मों में आने से पहले का यह दौर उनकी जिंदगी की उन कहानियों में शामिल है, जिन्हें जानकर आज के दौर के लोग शायद यकीन न करें।अमिताभ ने 1960 के दशक में कोलकाता में नौकरी की थी और उस वक्त उनकी सैलरी कुछ सौ रुपए में थी। पढ़ें फिल्मों में आने से पहले अमिताभ बच्चन की जिंदगी के बारे में...
नौकरी के दौरान अमिताभ बच्चन की मासिक सैलरी कितनी थी?
बिग बी ने अपने ब्लॉग में उस दौर को याद करते हुए बताया था कि वह शहर में बेहद सीमित साधनों के साथ रहते थे। उनकी नौकरी का आखिरी दिन 30 नवंबर 1968 बताया गया है और उस समय उनकी मासिक सैलरी 1,640 रुपए थी। जिस कंपनी में उन्होंने काम किया, वहां से जुड़े पुराने रिकॉर्ड की तस्वीर भी उन्होंने सोशल मीडिया पर साझा की थी।
8 दोस्तों के साथ 10X10 के कमरे में रहते थे अमिताभ बच्चन
सबसे दिलचस्प बात बिग बी के रहने की थी। अमिताभ के मुताबिक 8 लोग 10×10 के कमरे में रहते थे। दिन में ऑफिस और शाम को दोस्तों के साथ शहर घूमना उनकी दिनचर्या का हिस्सा था। लेकिन बड़े रेस्टोरेंट में बैठकर खाना उस समय उनकी आर्थिक स्थिति से बाहर था। वे दोस्तों के साथ कई लोकप्रिय जगहों के बाहर खड़े होकर सिर्फ माहौल देखते थे और मजाक में उम्मीद करते थे कि कभी उनके पास भी इतना पैसा होगा कि अंदर जाकर बैठ सकें।
बिग बी के लिए सिर्फ नौकरी का शहर नहीं था कोलकाता
अमिताभ के लिए कोलकाता सिर्फ नौकरी का शहर नहीं था। बाद में उन्होंने इन दिनों को अपनी जिंदगी के बेहद स्वतंत्र दिनों में याद किया। यही वह दौर था जब उनके भीतर अभिनेता बनने की इच्छा लगातार बनी हुई थी, लेकिन फिल्मी दुनिया में प्रवेश का रास्ता अभी साफ नहीं था। 30 नवंबर 1968 को नौकरी खत्म होने के बाद उनकी जिंदगी ने नया मोड़ लिया। अगले साल वह मुंबई पहुंचे और 15 फरवरी 1969 को K.A. Abbas की फिल्म ‘सात हिंदुस्तानी’ साइन की। 1971 में आई 'आनंद' से उन्हें असली पहचान मिली और फिर 1973 की 'जंजीर' ने उन्हें रातोंरात स्टार बना दिया।
