बॉलीवुड एक्ट्रेस तापसी पन्नू ने एक टॉक शो में अपने पसंदीदा नेता के सवाल पर पीएम मोदी को चुना। इसके बाद उनका ये कहना कि "मुझे अभी इस देश में रहना है", सोशल मीडिया पर वायरल हो गया है और इस पर बहस छिड़ गई है।
बॉलीवुड एक्ट्रेस तापसी पन्नू, सामाजिक और राजनीतिक मुद्दों पर अपनी राय सीधे-सीधे रखने से कभी नहीं हिचकिचातीं। उनकी बातें अक्सर सोशल मीडिया पर बड़ी बहसों की वजह बन जाती हैं। अब, तापसी का एक और बयान ज़बरदस्त चर्चा में है। एक हिंदी न्यूज़ चैनल के शो में पूछे गए सवाल पर उनका जवाब सोशल मीडिया पर खूब वायरल हो रहा है।
तापसी पन्नू से सवाल और उनका जवाब
तापसी जिस टॉक शो में थीं, उसके रैपिड फायर राउंड में एंकर ने एक सवाल पूछा। सवाल था कि आपका पसंदीदा राजनेता कौन है? इसके लिए सामने स्क्रीन पर दो ऑप्शन दिखाए गए। स्क्रीन पर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और लोकसभा में विपक्ष के नेता राहुल गांधी की तस्वीरें आईं। बिना ज़्यादा सोचे, तापसी ने आगे बढ़कर नरेंद्र मोदी की तस्वीर को छू लिया।
यह देखकर वहां मौजूद दर्शकों में से कुछ ने तालियां बजाईं। लेकिन, इसके बाद तापसी ने जो कहा, वही इस वीडियो के वायरल होने की वजह बना। एक्ट्रेस ने कहा, "मुझे अभी इस देश में रहना है।" 22 सेकंड का यह वीडियो क्लिप सोशल मीडिया पर खूब शेयर किया जा रहा है।
तापसी पन्नू के बयान पर पक्ष-विपक्ष में बहस
तापसी पन्नू के इस बयान को लेकर सोशल मीडिया पर पक्ष और विपक्ष में खूब बहस हो रही है। मूर्ति नैन नाम के एक यूज़र ने ट्वीट किया कि यह सिर्फ एक राय नहीं है, बल्कि मौजूदा हालात की कड़वी सच्चाई है। वहीं एक और नेटिज़न ने ट्वीट किया कि शायद उन्होंने ऐसा इसलिए कहा क्योंकि अगर राहुल गांधी पीएम बन गए तो हालात और भी खराब हो सकते हैं।
वहीं, एक और यूज़र ने कमेंट किया कि उनके लिए तापसी का सम्मान चार गुना बढ़ गया है और यह कहने के लिए हिम्मत चाहिए। जबकि नित्या नाम की एक यूज़र ने आलोचना करते हुए कहा कि आपको शर्म आनी चाहिए, सच और लोगों के साथ खड़ी हों।
पहले भी मोदी पर बेबाकी से बोल चुकी हैं पन्नू
इससे पहले भी तापसी पन्नू ने अपनी राजनीतिक राय खुलकर ज़ाहिर की है। 2019 में फिल्मफेयर को दिए एक इंटरव्यू में, जब उनसे पूछा गया कि अगर उन्हें पीएम मोदी से बात करने का मौका मिला तो वह क्या कहेंगी। इस पर उन्होंने कहा था, “आज देश में मॉब लिंचिंग और कई दूसरी घटनाएं हो रही हैं। अगर मौका मिला, तो मैं उनसे कहूंगी कि वे देश को बताएं कि राष्ट्रवाद का मतलब क्या है। हम उन्हें अपना नेता मानते हैं। अगर वे बताएंगे कि असली राष्ट्रवाद क्या है, तो उनके फॉलोअर्स सुनेंगे। इसका असर उनकी अगली पीढ़ी पर भी पड़ सकता है।”
