...तो अब दुनिया के पांचवें सबसे अमीर आदमी हैं मुकेश अंबानी, एलन मस्क के बराबर पहुंची 'दौलत'

First Published 13, Jul 2020, 11:54 AM

बिजनेस डेस्क। लगता है मुकेश अंबानी के लिए ग्लोबल स्लोडाउन का मतलब बेमानी हो गया है। एशिया के सबसे अमीर कारोबारी की दौलत में रोजाना बेतहाशा वृद्धि से तो यही संकेत मिल रहे हैं। कोरोना में लॉकडाउन की वजह से तमाम कारोबारियों को नुकसान उठाना पड़ रहा है। मगर मुकेश नेटवर्थ के मामले में पहले दुनिया के टॉप 10 में शामिल हुए और फिर एक-एक कर लिस्ट में ऊपर के पायदान की ओर बढ़ते ही जा रहे हैं। 
 

<p>'द हिन्दू बिजनेसलाइन' ने हुरून की एक स्टडी के हवाले से बताया है कि अंबानी अब दुनिया के पांचवें सबसे अमीर शख्स हैं। पिछले महीने वो इसी लिस्ट में आठवें नंबर पर थे। रिलायंस इंडस्ट्रीज के चेयरमैन और मैनेजिंग डायरेक्टर मुकेश अंबानी, टेस्ला के फाउंडर एलन मस्क और माइक्रोसॉफ्ट के पूर्व सीईओ स्टीव बालमेर के साथ पांचवें नंबर पर हैं। अंबानी की नेटवर्थ 78&nbsp;बिलियन डॉलर आंकी गई है।&nbsp;इस लिस्ट में 89 बिलियन डॉलर के साथ फेसबुक के मार्क जुकरबर्ग चौथे नंबर पर हैं।&nbsp;</p>

'द हिन्दू बिजनेसलाइन' ने हुरून की एक स्टडी के हवाले से बताया है कि अंबानी अब दुनिया के पांचवें सबसे अमीर शख्स हैं। पिछले महीने वो इसी लिस्ट में आठवें नंबर पर थे। रिलायंस इंडस्ट्रीज के चेयरमैन और मैनेजिंग डायरेक्टर मुकेश अंबानी, टेस्ला के फाउंडर एलन मस्क और माइक्रोसॉफ्ट के पूर्व सीईओ स्टीव बालमेर के साथ पांचवें नंबर पर हैं। अंबानी की नेटवर्थ 78 बिलियन डॉलर आंकी गई है। इस लिस्ट में 89 बिलियन डॉलर के साथ फेसबुक के मार्क जुकरबर्ग चौथे नंबर पर हैं। 

<p>हुरून रिसर्च के कलेक्टेड डेटा के मुताबिक नेटवर्थ के मामले में अंबानी ने वारेन बफेट और गूगल के को फाउंडर को पीछे छोड़ दिया है। कोरोना महामारी से पहले अंबानी की नेटवर्थ 66 बिलियन डॉलर थी।&nbsp;</p>

हुरून रिसर्च के कलेक्टेड डेटा के मुताबिक नेटवर्थ के मामले में अंबानी ने वारेन बफेट और गूगल के को फाउंडर को पीछे छोड़ दिया है। कोरोना महामारी से पहले अंबानी की नेटवर्थ 66 बिलियन डॉलर थी। 

<p>हुरून इंडिया ने मुकेश अंबानी की इस उपलब्धि के पीछे हाल के दिनों में जियो प्लेटफॉर्म्स में हुए निवेश और जियो मीट की लॉन्चिग को माना है।</p>

हुरून इंडिया ने मुकेश अंबानी की इस उपलब्धि के पीछे हाल के दिनों में जियो प्लेटफॉर्म्स में हुए निवेश और जियो मीट की लॉन्चिग को माना है।

<p>रिसर्च में यह भी माना गया है कि आने वाले दिनों में डिजिटल कारोबार की वजह से मुकेश अंबानी की नेटवर्थ में और इजाफा होगा और वो लिस्ट की टॉप पांच प्लेस पर मजबूती से बने रहेंगे।&nbsp;</p>

रिसर्च में यह भी माना गया है कि आने वाले दिनों में डिजिटल कारोबार की वजह से मुकेश अंबानी की नेटवर्थ में और इजाफा होगा और वो लिस्ट की टॉप पांच प्लेस पर मजबूती से बने रहेंगे। 

<p>बताते चलें कि लॉकडाउन में रिलायंस इंडस्ट्रीज लिमिटेड (RIL) ने 13 निवेशकों से 1.18 लाख करोड़ रुपये जुटाए। जियो प्लेटफॉर्म्स में निवेश की वजह से RIL अब कर्जमुक्त कंपनी बन गई है।&nbsp;</p>

बताते चलें कि लॉकडाउन में रिलायंस इंडस्ट्रीज लिमिटेड (RIL) ने 13 निवेशकों से 1.18 लाख करोड़ रुपये जुटाए। जियो प्लेटफॉर्म्स में निवेश की वजह से RIL अब कर्जमुक्त कंपनी बन गई है। 

<p>जियो में निवेश की शुरुआत फेसबुक से हुई थी। फेसबुक ने 9.99 फीसदी हिस्सेदारी खरीदने के लिए करीब 44 हजार करोड़ रुपये का निवेश किया था।&nbsp;</p>

जियो में निवेश की शुरुआत फेसबुक से हुई थी। फेसबुक ने 9.99 फीसदी हिस्सेदारी खरीदने के लिए करीब 44 हजार करोड़ रुपये का निवेश किया था। 

<p>फेसुबक के बाद सिल्वर लेक पार्टनर्स, विस्टा इक्विटी पार्टनर्स, जनरल अटलांटिक, केकेआर, मुबादला, एडीआईए, टीपीजी, एल कैटरटन, पीआईफ और इंटेल कैपिटल ने भी जियो में निवेश किया।&nbsp;</p>

फेसुबक के बाद सिल्वर लेक पार्टनर्स, विस्टा इक्विटी पार्टनर्स, जनरल अटलांटिक, केकेआर, मुबादला, एडीआईए, टीपीजी, एल कैटरटन, पीआईफ और इंटेल कैपिटल ने भी जियो में निवेश किया।