- Home
- States
- Chhattisgarh
- नम आंखों से अजीत जोगी को दी अंतिम विदाई, बेटी की कब्र के बगल में दफनाए गए..देखिए अंतिम सफर की फोटोज
नम आंखों से अजीत जोगी को दी अंतिम विदाई, बेटी की कब्र के बगल में दफनाए गए..देखिए अंतिम सफर की फोटोज
रायपुर, छत्तीसगढ़ के पूर्व मुख्यमंत्री अजीत जोगी का अंतिम संस्कार ईसाई रीति रिवाज के अनुसार शनिवार शाम 8 बजे गौरेला के कब्रिस्तान में किया गया। प्रभु ख्रीष्ट वाटिका में बेटी अनुषा जोगी की कब्र के बगल में दफनाया गया। उनकी इस अंतिम यात्रा में पत्नि रेणु जोगी और बेटे अमित जोगी के साथ छत्तीसगढ़ सरकार के कई मंत्री, विधायक सहित अन्य दलों के वरिष्ठ नेता भी शामिल हुए।

अजीत जोगी की इस अंतिम यात्रा में सैकड़ों लोगों की भीड़ जमा हुई। लोग बड़ी तादाद में अपने प्रिय नेता को अंतिम विदाई देने पहुंचे। जब जोगी का शव उनके पैतृक ग्राम जोगीसार पहुंचा तो दर्शन करने के लिए पूरा गांव उमड़ पड़ा। लोग मायूस और आंखों में आंसू लिए दिखाई दिए। हर ओर एक खामोशी सी छा गई।
अपने चेहते नेता को अंतिम विदाई देते हुए उनके समर्थकों की आंखों से आंसू निकल रहे थे, कोई बोल रहा था-जब तक सूरज चांद रहेगा, जोगी जी का नाम रहेगा। तो कोई कह रहा था, हमने छत्तीसगड़ का लाल खो दिया।
जैसे ही पिता अजीत जोगी के शव को दफनाया जाने लगा तो बेटा अमित जोगी जोर-जोर से रोने लगे। वह अपने पिता के शव से लिपटकर बिलखते रहे, किसी तरह से लोगों ने उनको संभाला।
अपने पति के अंतिम सफर तक पत्नी रेणु आंखों में आंसू लिए हाथ जोड़े शव के पास खड़ी रहीं। वहीं दूसरी तरफ पादरी पाठ कर रहे थे।
जैसे ही पूर्व मुख्यमंत्री अजीत जोगी का शव बिलासपुर के मरवाही सदन पहुंचा तो यहां लोगों ने अपने नेता को श्रद्धांजलि दी। इस दौरान वह अपने आंसू नहीं रोक पाए और शव से ही लिपटकर रोने लगे।
अंतिम सफर में के दौरान लोग बड़ी संख्या में अपने नेता को श्रद्धासुमन अर्पित करने के लिए उमड़ पड़े।
यह नजारा अजीत जोगी के के पैतृक गांव जोगीसार का है। जब उनका शव यहां पहुंचा तो दर्शन करने के लिए पूरा गांव उमड़ पड़ा।
बता दें कि लंबी बीमारी के बाद अजीत जोगी का शुक्रवार दोपहर करीब 3.30 बजे निधन हो गया था। वह 9 मई से रायपुर के श्री नारायणा अस्पताल में भर्ती थे और लगातार कोमा में थे। जिसके चलते उन्हें वेंटिलेटर पर रखा गया था। शुक्रवार को उन्हें एक फिर से हार्ट अटैक आया और वो 74 साल की उम्र में जिंदगी की जंग हार गए।
छत्तीसगढ़ की सरकारी योजनाएं, शिक्षा-रोजगार अपडेट्स, नक्सल क्षेत्र समाचार और स्थानीय विकास रिपोर्ट्स पढ़ें। रायपुर, बिलासपुर, दुर्ग और बस्तर क्षेत्र की खबरों के लिए Chhattisgarh News in Hindi सेक्शन फॉलो करें — सबसे विश्वसनीय राज्य कवरेज यहीं।