- Home
- States
- Other State News
- MDH के मालिक महाशय धर्मपाल के बारे में ये बातें सिर्फ उनका यह 'बेटा' ही जानता है
MDH के मालिक महाशय धर्मपाल के बारे में ये बातें सिर्फ उनका यह 'बेटा' ही जानता है
नई दिल्ली. महाशिया दी हट्टी (MDH) मसाला कंपनी के मालिक महाशय धर्मपाल गुलाटी का गुरुवार सुबह 98 साल की उम्र में निधन हो गया। पद्मभूषण से सम्मानित धर्मपालजी एक ऐसी शख्सियत थे, जिन्होंने अपने कंपनी को जीरो से एक ब्रांड बना दिया। धर्मपालजी के बारे में कई किस्से प्रचलित हैं। उनकी जीवटता और सहयोगी स्वभाव जगजाहिर है। ये किस्से शेयर किए हैं लाफ्टर चैंलेंज में 2010-11 में शामिल रहे स्टैंडअप कॉमेडियन पीयूष दुबे ने। पीयूष की पहली मुलाकात धर्मपालजी से करीब 13 साल पहले हुई थी। धर्मपालजी प्रतिभावानों की हमेशा मदद करते थे। आपको बता दें कि धर्मपालजी को हास्य/व्यंग्य सुनने में बड़ा आनंद आता था। उनका जब भी मूड होता, वे पीयूष को घर बुलाते और हास्य रचनाएं सुनते। पीयूष ने धर्मपालजी के साथ अपने कुछ पुराने फोटोज भी शेयर किए हैं।

मैं तब 21-22 साल का था, तब मेरी पहली मुलाकात हुई थी। मेरी तब दाढ़ी बढ़ी हुई थी। उन्होंने हंसते हुए कहा कि क्लीन शेव रहा करो। साफ-सुथरे। उस समय मैं जर्नलिज्म की पढ़ाई कर रहा था। धर्मपालजी ने मेरी माली हालत को देखते हुए 1000 रुपए मंथली सहयोग देना शुरू किया। हालांकि जब मेरी पढ़ाई पूरी हुई, तब मैंने पैसा लेना बंद कर दिया था।
जब भी उनका हंसने का मूड होता, वे हमें बुलाते और मेरी कॉमेडी/कविताएं सुनते।
महाशयजी का ह्रदय विशाल था। जब मेरी शादी हुई, तब उन्होंने 25000 रुपए घर-गृहस्थी जमाने के लिए दिए थे।
एक बार मेरी मां बीमार पड़ीं, तब उन्होंने अपने माता चंदन देवी हॉस्पिटल में उनका फ्री में इलाज कराया। यही नहीं, ऑपरेशन के अगले दिन वो खुद हास्पिटल आए और मां से मिले। धर्मपालजी ने मेरी मां के पांव छूकर आशीर्वाद लिया। वो दिन मेरी जिंदगी का वाकई सबसे अद्भुत दिन था।
वे जब भी मिलते बहुत प्यार देते थे। अपनी महंगी गाड़ियों में बैठाकर घुमाते। लोगों के बीच मेरा परिचय अपने बेटे के तौर देते। अपने जन्मदिन पर हमेशा बुलाते थे।
धर्मपालजी के जन्मदिन पर उनके साथ कॉमेडियन पीयूष दुबे।
Other Indian State News (अन्य राज्य समाचार) - Read Latest State Hindi News (अन्य राज्य की खबरें), Regional News, Local News headlines in Hindi from all over the India.