नाना के जनाजे पर खिलखिलाकर हंस रहा था मासूम..आतंकवाद से बेखबर बच्चे को लग रहा था कि नानू सो रहे हैं

First Published 2, Jul 2020, 11:35 AM

सोपोर, जम्मू-कश्मीर.  जम्मू-कश्मीर के सोपोर में बुधवार को आतंकवादियों और सुरक्षाबलों के बीच हुई मुठभेड़ में  एक आम नागरिक बशीर अहमद को अपनी जान गंवानी पड़ी थी। वे ठेकेदार थे। बशीर अपने काम के सिलसिले में कार से निकले थे। साथ में उनका नाती अयाद भी था। इसी बीच माडल टाउन में आतंकवादियों ने CRPF के जवानों की नाका पार्टी पर हमला कर दिया था। बशीर सड़क पर ही कार छोड़कर अयाद को लेकर सुरक्षित जगह पर भागे। लेकिन आतंकवादियों की गोलियां उनके शरीर को भेद गईं। बशीर की सड़क पर ही मौत हो गई। अपने नाना की मौत से बेखबर मासूम अयाद उनकी छाती पर बैठकर उठाता रहा। करीब 15 मिनट की मशक्कत के बाद जवानों ने उसे सुरक्षित बचाया। आगे देखिए जब बशीर का जनाजा उठा..तब कैसा माहौल था..

<p>पहली तस्वीर मुठभेड़ के दौरान आतंकवादियों की गोली से मारे गए बशीर अहमद की है। दूसरी तस्वीर बशीर के नाती अयाद की है। उसे लगता है कि नानू को नींद आई है, इसलिए वे सो रहे हैं।</p>

पहली तस्वीर मुठभेड़ के दौरान आतंकवादियों की गोली से मारे गए बशीर अहमद की है। दूसरी तस्वीर बशीर के नाती अयाद की है। उसे लगता है कि नानू को नींद आई है, इसलिए वे सो रहे हैं।

<p>दूसरी तस्वीर में अपने नानू की मौत से बेखबर मासूम अयाद परिजनों की गोद में खेलते हुए।</p>

दूसरी तस्वीर में अपने नानू की मौत से बेखबर मासूम अयाद परिजनों की गोद में खेलते हुए।

<p>बशीर अहमद की मौत के बाद बिलखते उसके परिजन।</p>

बशीर अहमद की मौत के बाद बिलखते उसके परिजन।

<p>बशीर ठेकेदार थे। वे अपने काम से निकले थे। इसी दौरान आतंकियों ने सुरक्षाबलों पर हमला किया था।</p>

बशीर ठेकेदार थे। वे अपने काम से निकले थे। इसी दौरान आतंकियों ने सुरक्षाबलों पर हमला किया था।

<p>बशीर का जब जनाजा उठा, तो ऐसा था माहौल।<br />
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बशीर का जब जनाजा उठा, तो ऐसा था माहौल।
 

<p>मातम मनाते बशीर के परिजन।</p>

मातम मनाते बशीर के परिजन।

<p>यह तस्वीर हमले के बाद की है। अयाद अपने नानू की लाश पर बैठकर उसे उठाता रहा था।</p>

यह तस्वीर हमले के बाद की है। अयाद अपने नानू की लाश पर बैठकर उसे उठाता रहा था।

<p>बशीर के घर के मातमी माहौल।</p>

बशीर के घर के मातमी माहौल।

<p>बशीर अपने नाती की जान बचाने कार से उतरकर भागे थे।</p>

बशीर अपने नाती की जान बचाने कार से उतरकर भागे थे।

<p>बशीर को आतंकवादियों की गोलियां लगी थीं।</p>

बशीर को आतंकवादियों की गोलियां लगी थीं।

<p>बशीर की मौत के बाद आक्रोश में उसके परिजन।</p>

बशीर की मौत के बाद आक्रोश में उसके परिजन।

<p>बशीर की मौत की खबर कुछ देर बाद ही घर तक पहुंच गई थी।</p>

बशीर की मौत की खबर कुछ देर बाद ही घर तक पहुंच गई थी।

<p>बशीर की मौत पर बिलखते परिजन।</p>

बशीर की मौत पर बिलखते परिजन।

<p>नाना की मौत से बेखबर मासूम खिलखिलाता हुआ।</p>

नाना की मौत से बेखबर मासूम खिलखिलाता हुआ।

<p>बशीर की मौत के बाद रोते-बिलखते परिजन।</p>

बशीर की मौत के बाद रोते-बिलखते परिजन।

<p>बशीर के जनाजे के वक्त मातम मनाते परिजन।</p>

बशीर के जनाजे के वक्त मातम मनाते परिजन।

<p>बशीर के जनाजे में बड़ी संख्या में लोग शामिल हुए।</p>

बशीर के जनाजे में बड़ी संख्या में लोग शामिल हुए।

<p>बशीर के जनाजे में शामिल लोग।</p>

बशीर के जनाजे में शामिल लोग।

<p>अपने परिजनों की गोद में मुस्कराता अयाद।</p>

अपने परिजनों की गोद में मुस्कराता अयाद।

<p>बशीर की मौत के बाद अयाद को कवर करते सुरक्षाबल के जवान।</p>

बशीर की मौत के बाद अयाद को कवर करते सुरक्षाबल के जवान।

<p>बशीर की मौके पर ही मौत हो गई थी।<br />
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बशीर की मौके पर ही मौत हो गई थी।
 

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