यूपी का 'लक्ष्मण' छत्तीसगढ़ में बना गरीबों का भगवान, लॉकडाउन में बांट रहा फ्री सब्जियां

First Published 16, Apr 2020, 10:28 AM

लखनऊ (Uttar Pradesh) । लॉकडाउन में गरीबों की सेवा करना इस समय सबसे बड़ा पुनीत कार्य है। आम हो या खास, सभी लोग अपने-अपने तरीके से इस जंग में अपनी जिम्मेदारी निभा रहे हैं। इसी में शामिल है यूपी का 'लक्ष्मण' लवकुश, जो छत्तीसगढ़ में गरीबों के लिए भगवान के समान है। स्मृति ईरानी के संसदीय क्षेत्र अमेठी का निवासी लवकुश छत्तीसगढ़ की राजधानी रायपुर में गरीबों के लिए मसीहा बनकर सामने आया है। मुसाफिरखाना विकासखण्ड के पूरे बदल उपाध्याय अनखरा निवासी लवकुश प्रजापति लॉकडाउन के दौरान छत्तीसगढ़ के रायपुर में गरीबों को निस्वार्थ भाव से मुफ्त में राशन और सब्जी वितरण कर रहे हैं।
 
लवकुश मुसाफिरखाना में आयोजित होने वाली रामलीला में भगवान लक्ष्मण का रोल निभाते है। वह करीब 6 वर्ष पहले काम के सिलसिले में रायपुर गए थे। <br />
 

लवकुश मुसाफिरखाना में आयोजित होने वाली रामलीला में भगवान लक्ष्मण का रोल निभाते है। वह करीब 6 वर्ष पहले काम के सिलसिले में रायपुर गए थे। 
 

लवकुश इस समय यूनिक गार्डन केयर फर्म चलाते हैं। लवकुश प्रजापति ने बताया कि रायपुर में कई ऐसी जगहें हैं जहां मजदूर रहते हैं। ये वर्ग हर दिन कमाई कर अपना पेट भरता है।<br />
 

लवकुश इस समय यूनिक गार्डन केयर फर्म चलाते हैं। लवकुश प्रजापति ने बताया कि रायपुर में कई ऐसी जगहें हैं जहां मजदूर रहते हैं। ये वर्ग हर दिन कमाई कर अपना पेट भरता है।
 

कोरोना वायरस के चलते पैदा हुए हालातों से इन लोगों के लिए पेट भरना एक चुनौती बन गई है। इन लोगों की इस मुश्किल समय में मदद के लिए वह आगे आए हैं और लोगों को हरी सब्जी व राशन का सामान बांट रहे हैं। <br />
 

कोरोना वायरस के चलते पैदा हुए हालातों से इन लोगों के लिए पेट भरना एक चुनौती बन गई है। इन लोगों की इस मुश्किल समय में मदद के लिए वह आगे आए हैं और लोगों को हरी सब्जी व राशन का सामान बांट रहे हैं। 
 

लवकुश के पिता देवी प्रसाद प्रजापति का कहना कि उसने हमें फोन पर बताया कि जब से लॉकडाउन शुरू हुआ है वह अपने क्षेत्र में गरीबों को मुफ्त में सब्जी व राशन वितरित कर रहा है। हमें खुशी है कि हमारा बेटा परदेश में भी लोगों के सेवा कर रहा है।<br />
 

लवकुश के पिता देवी प्रसाद प्रजापति का कहना कि उसने हमें फोन पर बताया कि जब से लॉकडाउन शुरू हुआ है वह अपने क्षेत्र में गरीबों को मुफ्त में सब्जी व राशन वितरित कर रहा है। हमें खुशी है कि हमारा बेटा परदेश में भी लोगों के सेवा कर रहा है।
 

अनखरा के ग्राम प्रधान मनोज उपाध्याय ने बताया कि उनके गांव का बेटा जिस तरह से दूसरे राज्य में भी सामाजिक कार्य कर रहा है वह काबिले तारीफ है।

अनखरा के ग्राम प्रधान मनोज उपाध्याय ने बताया कि उनके गांव का बेटा जिस तरह से दूसरे राज्य में भी सामाजिक कार्य कर रहा है वह काबिले तारीफ है।

छत्तीसगढ़ में कोरोना को लेकर हालात ज्यादा खराब नहीं हैं। यहां बुधवार तक कोरोना के कुल 33 कंफर्म केस सामने आए हैं। <strong>(प्रतीकात्मक फोटो)</strong>

छत्तीसगढ़ में कोरोना को लेकर हालात ज्यादा खराब नहीं हैं। यहां बुधवार तक कोरोना के कुल 33 कंफर्म केस सामने आए हैं। (प्रतीकात्मक फोटो)

छत्तीसगढ़ में कोरोना की वजह से अब तक कोई मौत नहीं है। 36 कोरोना के मरीजों में 17 रिकवर हो चुके हैं। जबकि अभी 16 मरीजों का इलाज चल रहा है। <strong>(प्रतीकात्मक फोटो) </strong>

छत्तीसगढ़ में कोरोना की वजह से अब तक कोई मौत नहीं है। 36 कोरोना के मरीजों में 17 रिकवर हो चुके हैं। जबकि अभी 16 मरीजों का इलाज चल रहा है। (प्रतीकात्मक फोटो) 

छत्तीसगढ़ में कोरबा जिले की हालत सबसे ज्यादा खराब है। यहां कोरोना के 25 केस मिले हैं। रायपुर में पांच केस मिले हैं। जबकि राजनादगांव, दुर्ग और बिलासपुर में बुधवार तक कोरोना का एक-एक केस सामने आया है। <strong>(प्रतीकात्मक फोटो) </strong>

छत्तीसगढ़ में कोरबा जिले की हालत सबसे ज्यादा खराब है। यहां कोरोना के 25 केस मिले हैं। रायपुर में पांच केस मिले हैं। जबकि राजनादगांव, दुर्ग और बिलासपुर में बुधवार तक कोरोना का एक-एक केस सामने आया है। (प्रतीकात्मक फोटो) 

भारत में अब तक कोरोना के 12,561 केस सामने आए हैं। 426 लोगों की मौत हुई है। <strong>(प्रतीकात्मक फोटो)</strong>

भारत में अब तक कोरोना के 12,561 केस सामने आए हैं। 426 लोगों की मौत हुई है। (प्रतीकात्मक फोटो)

महाराष्ट्र की हालत सबसे ज्यादा खराब है। यहां 2916 मामले सामने आए हैं और 187 लोगों की जान गई है। (<strong>प्रतीकात्मक फोटो)</strong>

महाराष्ट्र की हालत सबसे ज्यादा खराब है। यहां 2916 मामले सामने आए हैं और 187 लोगों की जान गई है। (प्रतीकात्मक फोटो)

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