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कोरोना सब उजाड़ गया: एक परिवार के 8 लोगों की मौत, एक साथ हुई 5 लोगों की तेरहवीं..विधवा हुईं 4 बहुएं

First Published Jun 1, 2021, 1:19 PM IST
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लखनऊ (उत्तर प्रदेश). कोरोना की दूसरी लहर में खतरनाक स्टेज पर पहुंचे वायरस ने कई हंसते-खेलते परिवार तबाह कर दिए। महामारी ने ऐसा तांडव मचाया कि कई बच्चों के सिर से माता-पिता क साया तक छिन गया। यूपी की राजधानी लखनऊ से भी एक ऐसी दिल को झकझोर देने वाली तस्वीर सामने आई है। जो शायद कभी आपने कहीं देखी होगी। यहां बीमारी इस कदर कहर बनकर टूटी कि महीनेभर में परिवार के 8 लोगों की मौत हो गई। सोमवार को एक साथ  5 लोगों की तेरहवीं हुई, जिसे देखकर हर किसी का कलेजा फट गया।
 

सोमवार को जब एक साथ परिवार के 5 लोगों की 13वीं हुई और जिसने भी यह मातम देखा उसका दर्द आंसुओं में छलक पड़ा। चार सगे भाइयों की फोटो एक टेबल पर रखी हुई थीं और लोग रोते हुए उनको फूल चढ़ाते जा रहे थे। यहां आने वाला ऐसा कोई नहीं था, जिसकी आंखों में आंसू ना हो।

सोमवार को जब एक साथ परिवार के 5 लोगों की 13वीं हुई और जिसने भी यह मातम देखा उसका दर्द आंसुओं में छलक पड़ा। चार सगे भाइयों की फोटो एक टेबल पर रखी हुई थीं और लोग रोते हुए उनको फूल चढ़ाते जा रहे थे। यहां आने वाला ऐसा कोई नहीं था, जिसकी आंखों में आंसू ना हो।

दरअसल, लखनऊ के नजदीक इमलिया पूर्वा गांव में रहने वाले ओमकार यादव के परिवार में यह त्रासदी इस तरह कहर बरपाएगी यह शायद ही उन्होंने कभी सोचा होगा। जिसे शब्दों में लिखना भी मुश्किल है। कोरोना काल की तरह आया और सबकुछ उजाड़ कर चला गया।
 

दरअसल, लखनऊ के नजदीक इमलिया पूर्वा गांव में रहने वाले ओमकार यादव के परिवार में यह त्रासदी इस तरह कहर बरपाएगी यह शायद ही उन्होंने कभी सोचा होगा। जिसे शब्दों में लिखना भी मुश्किल है। कोरोना काल की तरह आया और सबकुछ उजाड़ कर चला गया।
 

बता दें कि इस परिवार के 8 लोग अप्रैल महीने में कोरोना की चपेट में आए थे। सभी की हालत  सुधरने की बजाए बिगड़ती चली जा रही थी। आलम यह हुआ कि 25 अप्रैल से 15 मई के बीच एक-एक करके सभी की सांसे थम गईं। बताया जाता है कि इनकी मदद करने के लिए ना तो सरकार आई और ना ही कोई नाते-रिश्तेदार आए। आखिर में पूरा परिवार उजड़ गया।

बता दें कि इस परिवार के 8 लोग अप्रैल महीने में कोरोना की चपेट में आए थे। सभी की हालत  सुधरने की बजाए बिगड़ती चली जा रही थी। आलम यह हुआ कि 25 अप्रैल से 15 मई के बीच एक-एक करके सभी की सांसे थम गईं। बताया जाता है कि इनकी मदद करने के लिए ना तो सरकार आई और ना ही कोई नाते-रिश्तेदार आए। आखिर में पूरा परिवार उजड़ गया।

इस परिवार के एक साथ चार सगे भाई दुनिया को अलविदा कह गए। एक साथ एक ही घर 4 बहुएं विधवा हो गईं। बताया जा रहा है कि 7 मौत कोरोना संक्रमण से हुई हैं। वहीं एक बुजुर्ग की मौत सदमें में हार्ट अटैक की वजह से हुई है। (प्रतीकात्मक फोटो)

इस परिवार के एक साथ चार सगे भाई दुनिया को अलविदा कह गए। एक साथ एक ही घर 4 बहुएं विधवा हो गईं। बताया जा रहा है कि 7 मौत कोरोना संक्रमण से हुई हैं। वहीं एक बुजुर्ग की मौत सदमें में हार्ट अटैक की वजह से हुई है। (प्रतीकात्मक फोटो)


कोरोना के कहर में परिवार के जिन लोगों की मौत हुई है उनमें निरंकार सिंह यादव, (40) की मौत 25 अप्रैल को  हुई। विनोद कुमार, (60) की मौत 28 अप्रैल को  हुई, विजय कुमार,(62) की मौत 1 मई को हुई, सत्य प्रकाश, (35) की मौत 15 मई को हुई, मिथलेश कुमारी, (50) की मौत 22 अप्रैल को हुई, शैल कुमारी, (47) की मौत 27 अप्रैल को हुई, कमला देवी,(80) की मौत 26 अप्रैल को हुई और रूप रानी, (82 ) की मौत 11 मई को हुई


कोरोना के कहर में परिवार के जिन लोगों की मौत हुई है उनमें निरंकार सिंह यादव, (40) की मौत 25 अप्रैल को  हुई। विनोद कुमार, (60) की मौत 28 अप्रैल को  हुई, विजय कुमार,(62) की मौत 1 मई को हुई, सत्य प्रकाश, (35) की मौत 15 मई को हुई, मिथलेश कुमारी, (50) की मौत 22 अप्रैल को हुई, शैल कुमारी, (47) की मौत 27 अप्रैल को हुई, कमला देवी,(80) की मौत 26 अप्रैल को हुई और रूप रानी, (82 ) की मौत 11 मई को हुई

फोटो में दिख रही इस बच्ची के मम्मी पापा दोनों को कोरोना लील गया है। मासूम वीडियो में कह रही है कि पापा कहीं भी जाते थे मुझे चॉकलेट लाते थे। लेकिन उसे यह नहीं पता कि अब ना तो चॉकलेट आएगा और ना ही पापा आएंगे।

फोटो में दिख रही इस बच्ची के मम्मी पापा दोनों को कोरोना लील गया है। मासूम वीडियो में कह रही है कि पापा कहीं भी जाते थे मुझे चॉकलेट लाते थे। लेकिन उसे यह नहीं पता कि अब ना तो चॉकलेट आएगा और ना ही पापा आएंगे।

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