केंद्रीय गृह मंत्री ने एक चुनावी सभा को संबोधित करते हुए कहा कि एनआरसी लागू करने के लिये 2024 की समयसीमा तय करते हुए कहा कि अगले आम चुनावों तक 'हर' घुसपैठिये की पहचान कर उसे देश से निष्कासित किया जाएगा

चक्रधरपुर/बहरागोड़ा: भाजपा अध्यक्ष अमित शाह ने देश भर में एनआरसी लागू करने के लिये 2024 की समयसीमा तय करते हुए कहा कि अगले आम चुनावों तक 'हर' घुसपैठिये की पहचान कर उसे देश से निष्कासित किया जाएगा। पश्चिम बंगाल में कुछ भाजपा नेताओं द्वारा यह आशंका जताए जाने के बावजूद कि हाल के उपचुनावों में यह मुद्दा पार्टी को भारी पड़ा, केंद्रीय गृह मंत्री ने एक चुनावी सभा को संबोधित करते हुए कहा कि विपक्षी दलों की आपत्तियों के बावजूद इस राष्ट्रव्यापी कवायद को अंजाम दिया जाएगा।

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2024 से पहले देशभर में एनआरसी 

शाह ने चक्रधरपुर और बहरागोड़ा में चुनावी सभाओं को संबोधित करते हुए कहा, 'आज मैं आपको बताना चाहता हूं कि 2024 के चुनावों से पहले देशभर में एनआरसी कराई जाएगी और हर घुसपैठिये की पहचान कर उसे निष्कासित किया जाएगा।' उन्होंने कहा, 'राहुल बाबा (कांग्रेस नेता राहुल गांधी) कहते हैं कि उन्हें मत निकालिये। वो कहां जाएंगे, वो क्या खाएंगे? लेकिन मैं आपको आश्वस्त करना चाहता हूं कि 2024 में देश में चुनावों से पहले सभी अवैध प्रवासियों को बाहर निकाल दिया जाएगा।'

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कांग्रेस ने राम मंदिर बनने से रोका

शाह ने कहा कि आतंकवाद और नक्सलवाद को उखाड़ना तथा अयोध्या में भव्य राम मंदिर का निर्माण भी झारखंड चुनावों में उतने ही महत्वपूर्ण हैं जितने कि विकास जैसे स्थानीय मुद्दे। एक बार फिर राम जन्मभूमि-बाबरी मस्जिद विवाद का मुद्दा उठाते हुए भाजपा अध्यक्ष ने आरोप लगाया कि कांग्रेस ने उच्चतम न्यायालय में इस मामले में सुनवाई को बाधित करने की कोशिश की। उन्होंने कहा, 'कांग्रेस नेताओं ने न्यायालय से कहा कि राम जन्मभूमि मामले में सुनवाई की कोई जरूरत नहीं है। आपके (लोगों के) समर्थन से हमने कहा कि इसे आगे ले जाया जाना चाहिए और नतीजा यह हुआ कि सर्वोच्च अदालत ने कहा कि अयोध्या में सिर्फ राम मंदिर बनेगा।'

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उन्होंने झामुमो-कांग्रेस-राजद गठबंधन पर भी निशाना साधा जो झारखंड चुनावों में भाजपा से सीधे मुकाबले में है। भाजपा नेता ने प्रदेश की भाजपा सरकार को नक्सलवाद को उखाड़ फेंकने और विकास करने का श्रेय दिया।

(यह खबर समाचार एजेंसी भाषा की है, एशियानेट हिंदी टीम ने सिर्फ हेडलाइन में बदलाव किया है।)