अनूपपुर, मध्य प्रदेश. पैसों के लेन-देन के विवाद में सबसे छोटे भाई ने अपने बड़े भाई, भाभी और भतीजी को जिंदा जलाकर मार डाला। इसके बाद खुद फांसी लगा ली। आरोपी का भतीजा भी जला है। उसे गंभीर हालत में अस्पताल में भर्ती कराया गया है। घटना जिले के जैतहरी विकासखंड अंतर्गत ग्राम धनगवां में बुधवार-गुरुवार की दरमियानी रात करीब डेढ़ बजे हुई। गुरुवार सुबह पुलिस दुबारा मौके पर जांच करने पहुंची। मरने वालों में ओमकार विश्वकर्मा (40), उसकी पत्नी कस्तूरिया (35), बेटी निधि (16) शामिल हैं। वहीं, 17 साल का बेटा आशीष गंभीर है। आरोपी का नाम दीपक है।

यह है मामला...
छोटेलाल के तीन पुत्र ओमकार विश्वकर्मा, चेतराम और दीपक साथ रहते थे। आरोपी दीपक सबसे छोटा था, जिसकी शादी नहीं हुई थी। तीनों अलग-अलग काम-धंधा करते थे। दीपक को गैराज खोलने दोनों बड़े भाइयों ने सालभर पहले बैंक से 10 लाख रुपए का लोन दिलाया था। इसकी किश्त समय पर नहीं भरने को लेकर भाइयों में झगड़ा होता था। पुलिस को आरोपी के कमरे में दीवार पर कोयले से कुछ लिखा मिला। 

पेट्रोल डालकर घर में लगा दी आग

ओमप्रकाश अपनी पत्नी कस्तूरिया और बेटी के साथ एक कमरे में सो रहा था। इस बीच दीपक ने दरवाजे के नीचे से पेट्रोल डालकर आग लगा दी। इसके बाद आरोपी ने आशीष के कमरे में भी आग लगा दी। आशीष घबराकर उठा और अपने मम्मी-पापा और बहन को बचाने कमरे के पास पहुंचा। लेकिन किसी को बचाने में नाकाम रहा। इस बीच आरोपी ने अपने कमरे में जाकर फांसी लगा ली। आग देखकर गांववाले मौके पर पहुंचे। आरोपी इतना गुस्से में था कि वो आग में खुद भी झुलस गया था। उसने बाहर खड़ी अपनी बाइक को भी फूंक दिया। जब पुलिस मौके पर पहुंची, तो सिर्फ हड्डियों के ढांचे और राख मिली।