मुख्यमंत्री फडणवीस ने कहा था कि महाराष्ट्र के चुनावी दंगल में विपक्ष का कोई पहलवान नहीं है। पूर्व केंद्रीय मंत्री ने कहा, “मुख्यमंत्री कहते हैं कि चुनावी दंगल में उनके पहलवान मौजूद हैं लेकिन विपक्ष का कोई पहलवान नजर नहीं आ रहा। 

बीड. राकांपा प्रमुख शरद पवार ने शुक्रवार को मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस के कटाक्ष पर पलटवार करते हुए कहा कि वह 'बच्चों' के साथ कुश्ती नहीं लड़ते। राकांपा प्रमुख ने बीड़ जिले के अंबेजोगई में एक रैली को संबोधित करते हुए यह बात कही।

Add Asianetnews Hindi as a Preferred SourcegooglePreferred

मुख्यमंत्री फडणवीस ने कहा था कि महाराष्ट्र के चुनावी दंगल में विपक्ष का कोई पहलवान नहीं है। पूर्व केंद्रीय मंत्री ने कहा, “मुख्यमंत्री कहते हैं कि चुनावी दंगल में उनके पहलवान मौजूद हैं लेकिन विपक्ष का कोई पहलवान नजर नहीं आ रहा। एक संगठन है महाराष्ट्र राज्य कुश्ती एसोसिएशन, जिसके अध्यक्ष का नाम शरद पवार है। उन्होंने कहा कि मैं सभी पहलवानों के साथ खड़ा हूँ और वह मुझे पहलवानों के बारे में बता रहे हैं। हम बच्चों से कुश्ती नहीं लड़ते।”

पहले पवार ने उठाए थे कई सवाल

शरद पवार ने पूछा कि यदि चुनावी टक्कर में कोई नहीं है तो प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी, उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ और केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह चुनाव प्रचार क्यों कर रहे हैं। पवार ने कहा कि वह चुनाव नहीं लड़ रहे हैं फिर भी सत्ताधारी भाजपा और शिवसेना के नेता उनका (पवार) नाम लिए बिना एक भी भाषण नहीं देते।

अमित शाह पर भी तीखा पलटवार

राकांपा प्रमुख ने शाह को भी आड़े हाथों लिया। शाह ने पूछा था कि पवार ने महाराष्ट्र के लिए क्या किया? इसका जवाब देते हुए पवार ने स्थानीय निकायों में महिलाओं को 50 प्रतिशत आरक्षण देने और मराठवाड़ा विश्वविद्यालय का नामकरण भीमराव आंबेडकर के नाम पर करने की अपनी उपलब्धियां गिनाई।

एक इंच की भी प्रगति नहीं

उन्होंने कहा कि भाजपा के पास बेरोजगारी और कृषि समेत सभी समस्याओं का एक ही जवाब होता है, और वह है अनुच्छेद 370 के प्रावधान निरस्त करना। उन्होंने कहा कि राकांपा ने अनुच्छेद 370 के प्रावधान निरस्त करने का विरोध नहीं किया था लेकिन लोगों की चिंताओं का भी समाधान किया जाना चाहिए था। उन्होंने भाजपा पर यह आरोप दोहराया कि अभी तक मुंबई तट पर शिवाजी महाराज स्मारक के काम में ‘एक इंच की भी प्रगति’ नहीं हुई है। उन्होंने कहा कि इसी प्रकार केंद्रीय मुंबई के दादर में आंबेडकर स्मारक पर भी कोई काम शुरू नहीं हुआ है।

(यह खबर समाचार एजेंसी भाषा की है, एशियानेट हिंदी टीम ने सिर्फ हेडलाइन में बदलाव किया है।)