केरल के इडुक्की जिले में 74 साल के एक बुजुर्ग ने अपने बेटे, बहू और पोते-पोतियों को जलाकर मार डाला। बुजुर्ग इस बात से नाराज था कि बेटा उसे रोज मांस मछली नहीं खिलाता था।

इडुक्की। केरल के इडुक्की जिले में 74 साल के एक बुजुर्ग ने अपने पूरे परिवार को जलाकर मार डाला। रात को जब सभी सो रहे थे तब उसने घर को बाहर से बंद कर दिया और अंदर पेट्रोल फेंककर आग लगा दी। उसने दरवाजे पर ताला लगा दिया ताकि अंदर मौजूद लोगों के बचने की कोई गुंजाइश नहीं बचे। बुजुर्ग ने बेटे, बहू और दो पोते-पोतियों को जलाकर मार डाला। घटना थोडुपुझा के पास स्थित चेनिकुझी की है। बुजुर्ग इस बात से नाराज था कि बेटा उसे रोज मांस मछली नहीं खिलाता था।

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अपने ही हाथों बेटे, बहू और पोते-पोतियों को जिंदा जलाकर मारने वाले शख्स का नाम हामिद है। उसने घर में बाहर से ताला लगाकर पेट्रोल से भरी बोतलें खिड़की से अंदर फेंक दी। इसके बाद आग लगा दिया। पुलिस ने हामिद को हिरासत में ले लिया है। मरने वालों में मोहम्मद फैसल, उनकी पत्नी शीबा, बच्चे मेहर और असन शामिल हैं। पुलिस को संदेह है कि हमिद ने पहले से प्लान कर इस वारदात को अंजाम दिया। उसने घर जलाने के लिए पेट्रोल का स्टॉक किया था।

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पानी की टंकी कर दी थी खाली
हालांकि परिवार के सदस्यों में से एक आग देखकर जाग गया और मदद के लिए पुकारा, लेकिन पड़ोसी उन्हें नहीं बचा सके। पेट्रोल के कारण आग तेजी से फैली और चारों को अपनी चपेट में ले लिया। भीषण आग के चलते आसपास के लोग उनकी मदद नहीं कर पाए। एक वरिष्ठ पुलिस अधिकारी ने कहा कि यह एक सुनियोजित हत्या थी। क्योंकि हामिद ने अपराध करने के लिए कम से कम पांच बोतलों में पेट्रोल का स्टॉक किया था। उसने आग बुझाने के किसी भी संभावित प्रयास को रोकने के लिए घर में पानी की टंकी खाली कर दी थी। पड़ोस के लोग आग बुझाने के लिए कुएं से पानी नहीं ला सकें इसके लिए उसने बाल्टी और रस्सी भी हटा दी थी। 

हिरासत में हामिद ने पुलिस को बताया कि उसे रोजाना खाने के लिए मछली और मांस की जरूरत होती है। उसने पहले पुलिस से शिकायत की थी कि उसका बेटा उसकी देखभाल नहीं कर रहा है और न ही उसे खाना खिला रहा है।

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