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Agriculture Bill: दु:खी हुए तोमर,औवेसी को जागी अब CAA वापस लेने की आस; सूद बोले-जय जवान

तीनों कानून के वापस होने पर बालीवुड एक्टर सोनू सूद (Sonu Sood) ने किसानों की जीत बताते हुए ट्वीट किया है-जय जवान। 

Agriculture Bill repealed, AIMIM Chief Obaisi said CAA will also be backed, Agriculture minister Narendra Tomar sadly said it was beneficial for farmers DVG
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New Delhi, First Published Nov 19, 2021, 3:17 PM IST
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नई दिल्ली। कृषि कानूनों को वापस लेने (Agriculture Bill repealed) के फैसले के बाद देश के कुछ अन्य विवादित कानूनों पर भी विपक्ष ने दबाव बनाना शुरू कर दिया है। किसान आंदोलन (Kisan Andolan) की जीत पर एआईएमआईएम (AIMIM) चीफ असदुद्दीन ओवैसी (Asaduddin Obaisi) ने केंद्र सरकार को घेरना शुरू कर दिया है। उन्होंने कहा कि कृषि कानूनों (Farm Bills) की तरह CAA बिल भी वापस होगा। केंद्रीय कृषि मंत्री नरेंद्र सिंह तोमर (Narendra Singh Tomar) तीनों कानूनों को किसानों के लिए क्रांतिकारी बताते हुए इसके वापस होने पर दु:ख जता रहे हैं। तीनों कानून के वापस होने पर बालीवुड एक्टर सोनू सूद (Sonu Sood) ने किसानों की जीत बताते हुए ट्वीट किया है-जय जवान। 

ओवैसी ने कहा- विफल मोदी सरकार अब सीएए कानून भी करेगी वापस

तीन कृषि कानूनों के वापसी के ऐलान के बाद एआईएमआईएम प्रमुख असदुद्दीन ओवैसी ने कहा है कि मोदी सरकार अब जल्द ही CAA का कानून भी वापस लेगी। ओवैसी ने कहा, 'सरकार ने कृषि क़ानूनों को रद्द करने का फैसला देरी से लिया है। यह किसान आंदोलन और किसानों की सफलता है। चुनाव में जाना था इसलिए केंद्र सरकार ने यह फैसला लिया है। वह दिन भी दूर नहीं है, जब मोदी सरकार CAA का कानून भी वापस लेगी।'     

ओवैसी ने किसान आंदोलन के दौरान मरे 600-700 किसानों के परिवारों को मुआवजा देने की भी मांग की है। उन्होंने कहा कि मोदी सरकार ने अपनी इगो को सैटिस्फाई करने के लिए ये कानून लाया था। ये रोचक होगा देखना कि पश्चिम उत्तर प्रदेश में इस फ़ैसले का क्या असर होता है। आंदोलन जारी रखना है या नहीं, ये किसानों को तय करना है।

उन्होंने कश्मीर में 370 धारा हटाने को लेकर प्रतिक्रिया देते हुए कहा कि क्या 370 हटाने के बाद कश्मीर के हालात सुधर गए। कश्मीर में कोई हालात नहीं बदलें। मोदी सरकार केवल अपने वैचारिक विचार साधने के लिए ये सब कर रही है। हर मोर्चे पर मोदी सरकार नाकाम है। हालत-ए-मजबूरी में इस कानून को वापस लेना पड़ा।

केंद्रीय कृषि मंत्री नरेंद्र तोमर कृषि कानूनों के वापसी पर दु:खी

उधर, केंद्रीय कृषि मंत्री नरेंद्र सिंह तोमर कृषि कानूनों की वापसी पर दु:खी हैं। उन्होंने इसके फायदे गिनाते हुए कहा कि पीएम ने संसद से 3 कृषि बिल पास कराए थे। इनसे किसानों को फायदा होता। उन्होंने कहा कि इस कानून को लाने के पीछे किसानों के जीवन में क्रांतिकारी बदलाव लाने की पीएम की स्पष्ट मंशा थी, लेकिन मुझे दुख है कि हम देश के कुछ किसानों को इस नए कानून का लाभ बताने में विफल रहे। 

कृषि मंत्री ने कहा कि देश इस बात का गवाह है कि जब से पीएम मोदी ने 2014 में सरकार की बागडोर अपने हाथों में ली है, उनकी सरकार की प्रतिबद्धता किसानों और कृषि के लिए रही है। पिछले 7 सालों में कृषि को लाभ पहुंचाने वाली कई नई योजनाएं शुरू की गईं। केंद्र सरकार ने हमेशा किसानों के कल्याण के लिए कार्य किया है। उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री जी चाहते थे कि हमारे देश में किसानों के लिए जो बंदिशे हैं उनको खोला जाए इसलिए हम कृषि कानून लेकर आए। लेकिन हम इन कानूनों को कुछ किसानों को समझाने में सफल नही हो पाए और इन्हे रद्द करना पड़ा। 

 

किसान अब अपने खेतों में आएंगे

मशहूर अभिनेता सोनू सूद ने कृषि कानूनों की वापसी पर किसानों के वापिस अपने खेतों में आने पर खुशी जताई है। सोनू सूद ने ट्वीट किया कि किसान वापिस अपने खेतों में आयेंगे, देश के खेत फिर से लहराएंगे। उन्होंने पीएम मोदी को धन्यवाद दिया है। कहा कि इस ऐतिहासिक फैसले से किसानों का प्रकाश पूरब और भी ऐतिहासिक हो गया। 
जय जवान जय किसान। 

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