Asianet News HindiAsianet News Hindi

मिजोरम-असम सीमा संघर्षः गृह मंत्रालय का फैसला-अशांत सीमा अब रहेगी CRPF के हवाले, असम ने पूछताछ को भेजी CID

असम के विशेष डीजीपी जीपी सिंह ने बताया कि राज्यसभा सांसद वनलालवेना की इस घटना में संदिग्ध भूमिका उजागर हो रही है। असम सीआईडी के अधिकारियों सहित पुलिस की टीम उनसे पूछताछ के लिए रवाना कर दी गई है। 

Assam Mizoram Border tension, government of assam declare reward of Rs 5 Lakh for giving information on policemen murderers DHA
Author
New Delhi, First Published Jul 28, 2021, 7:30 PM IST
  • Facebook
  • Twitter
  • Whatsapp

नई दिल्ली। मिजोरम-असम सीमा संघर्ष के बाद तनाव बढ़ता ही जा रहा है। असम सरकार ने छह पुलिसवालों की मौत के मामले में केस दर्ज कर लिया है। पुलिसवालों को मारने के आरोपियों के बारे में सूचना देने वालों को पांच लाख रुपये इनाम की भी घोषणा की गई है। असम पुलिस ने सीआईडी की एक टीम राज्यसभा सदस्य वनलालवेना से पूछताछ के लिए भी रवाना की है। 

असम पुलिस के विशेष डीजीपी जीपी सिंह ने बताया कि असम पुलिस के छह जवानों के मारे जाने के मामले में धोलाई पुलिस स्टेशन में आईपीसी की धारा 120 बी, 447, 336, 379, 333, 307, 302 के तहत केस दर्ज किया गाय है। इसके अलावा आर्म्स एक्ट और पब्लिक प्रापर्टी डैमेज एक्ट की धाराएं भी जोड़ी गई हैं। 

केंद्रीय गृह सचिव अजय भल्ला की अध्यक्षता में दो घंटे तक चली बैठक

उधर, केंद्रीय गृहमंत्रालय ने बुधवार को असम-मिजोरम की अंशात सीमा पर तटस्थ केंद्रीय बलों को तैनात करने का फैसला किया है। बुधवार को गृह मंत्रालय ने दोनों राज्यों के अधिकारियों व मुख्य सचिवों को तलब किया था। आज केंद्रीय गृह सचिव अजय भल्ला की अध्यक्षता में दो घंटे तक बैठक चली। मीटिंग में असम के मुख्य सचिव जिष्णु बरुआ और पुलिस महानिदेशक भास्कर ज्योति महंत तथा मिजोरम के उनके संबंधित समकक्षों लालनुनमाविया चुआंगो और एसबीके सिंह ने हिस्सा लिया।

राज्य की अशांत सीमा फिलहाल सीआरपीएफ के हवाले

गृह मंत्रालय के एक अधिकारी ने बताया कि दोनों राज्य सरकारों ने राष्ट्रीय राजमार्ग 306 पर अशांत अंतरराज्यीय सीमा पर तटस्थ केंद्रीय सशस्त्र पुलिस बल (सीएपीएफ) की तैनाती के लिए सहमति व्यक्त की है। तटस्थ बल की कमान सीएपीएफ के एक वरिष्ठ अधिकारी के हाथ में होगी। इसके अलावा, बल के कामकाज को सुविधाजनक बनाने के लिए, दोनों राज्य सरकारें उचित समय सीमा में केंद्रीय गृह मंत्रालय के समन्वय से व्यवस्था करेंगी।

यह भी पढ़ें: 

राज्यसभा सदस्य की संदिग्ध भूमिका का आरोप

असम के विशेष डीजीपी जीपी सिंह ने बताया कि राज्यसभा सांसद वनलालवेना (K.Vanlalvena) की इस घटना में संदिग्ध भूमिका उजागर हो रही है। एक इंटरव्यू में इस बात का पता चला है। असम सीआईडी के अधिकारियों सहित पुलिस की टीम उनसे पूछताछ के लिए रवाना कर दी गई है। 


यह भी पढ़ें: मिजोरम-असम सीमा संघर्षः दोनों मुख्य सचिव दिल्ली तलब, कल Home Secretary करेंगे मीटिंग, CRPF की 6 कंपनियां तैनात

Follow Us:
Download App:
  • android
  • ios