कांग्रेस नेता जयराम रमेश ने अयोध्या राम मंदिर में कथित चंदा चोरी पर पीएम मोदी की चुप्पी पर सवाल उठाए। उन्होंने कहा कि भ्रष्टाचार पर 'जीरो टॉलरेंस' का दावा करने वाले पीएम इस गंभीर मुद्दे पर एक महीने से चुप क्यों हैं? देश जवाब मांग रहा है।
नई दिल्ली [भारत], 14 जुलाई (एएनआई): कांग्रेस के संचार प्रभारी महासचिव जयराम रमेश ने सोमवार को अयोध्या में श्री राम मंदिर से जुड़ी कथित अनियमितताओं पर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की चुप्पी को लेकर उन पर पार्टी के हमले को और तेज कर दिया। एक्स पर एक पोस्ट में रमेश ने दावा किया कि कांग्रेस नेताओं ने पिछले चार दिनों में देश भर में 50 प्रेस कॉन्फ्रेंस की हैं, जबकि प्रधानमंत्री इस मुद्दे पर चुप हैं।
चंदा चोरी, आस्था धोखा अयोध्या के भगवान श्री राम मंदिर में भाजपा-आरएसएस द्वारा सुनियोजित तरीके से की गई चंदा चोरी और जनता के विश्वास के साथ हुए धोखे पर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी जी की रहस्यमयी चुप्पी आखिर क्या दर्शाती है? वे चंदा चोरों की मदद पर क्यों उतारू हैं? देश सवाल पूछ… pic.twitter.com/4rvf2SBCVG — Jairam Ramesh (@Jairam_Ramesh) July 13, 2026
रमेश ने कहा, "चंदा चोरी, आस्था से धोखा। अयोध्या में भगवान श्री राम मंदिर में भाजपा-आरएसएस द्वारा सुनियोजित तरीके से की गई चंदा चोरी और जनता के विश्वास के साथ हुए धोखे पर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की रहस्यमयी चुप्पी क्या दर्शाती है? वे चंदा चोरों की मदद करने के लिए इतने उत्सुक क्यों हैं?"
कांग्रेस नेता ने भ्रष्टाचार पर प्रधानमंत्री के 'जीरो टॉलरेंस' के रुख पर भी निशाना साधा और कहा कि यह मुद्दा पिछले एक महीने से अनसुलझा है। उन्होंने कहा, "देश पूछ रहा है कि भ्रष्टाचार के प्रति 'जीरो टॉलरेंस' का दावा करने वाले प्रधानमंत्री पिछले एक महीने से इस गंभीर मुद्दे पर चुप क्यों हैं? जनता इस विश्वासघात पर उनसे जवाब मांग रही है। प्रिय प्रधानमंत्री जी, अपनी चुप्पी तोड़िए, जवाब दीजिए।"
रमेश ने कहा, "पिछले चार दिनों में, कांग्रेस नेताओं ने देश के नागरिकों की आस्था से जुड़े इस महत्वपूर्ण मुद्दे पर देश के विभिन्न शहरों में 50 प्रेस कॉन्फ्रेंस की हैं, जिसमें प्रधानमंत्री से जवाब मांगा गया है और असली दोषियों को सलाखों के पीछे डालने की मांग की गई है।"
आरोपियों की न्यायिक हिरासत 14 दिन बढ़ी
इस बीच, अयोध्या की एक अदालत ने सोमवार को राम मंदिर चंदा गबन मामले में सभी आठ आरोपियों की न्यायिक हिरासत 14 दिन और बढ़ा दी। आरोपी वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के जरिए कोर्ट में पेश हुए। अब उन्हें 27 जुलाई को फिर से पेश होना है।
सूत्रों के अनुसार, इससे पहले जांच अधिकारी आशुतोष तिवारी ने मामले के सिलसिले में तीन आरोपियों की रिमांड अवधि के दौरान जुटाए गए सबूत और दस्तावेज अयोध्या की भ्रष्टाचार निरोधक अदालत में जमा किए थे।
सुप्रीम कोर्ट ने केंद्र और यूपी सरकार को जारी किया नोटिस
सुप्रीम कोर्ट ने सोमवार को अयोध्या में राम जन्मभूमि मंदिर में दान के कथित दुरुपयोग की स्वतंत्र, अदालत की निगरानी में जांच की मांग करने वाली याचिकाओं पर केंद्र, उत्तर प्रदेश सरकार और श्री राम जन्मभूमि तीर्थ क्षेत्र ट्रस्ट को नोटिस जारी कर जवाब मांगा। (एएनआई)
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