जम्मू. पाकिस्तानी सैनिकों ने जम्मू-कश्मीर के पुंछ और राजौरी जिलों में नियंत्रण रेखा के पास अग्रिम चौकियों और गांवों को निशाना बनाते हुए एक बार फिर संघर्ष विराम का उल्लंघन किया, जिसमें कम से कम 16 मवेशियों की मौत हो गई। रक्षा विभाग के एक प्रवक्ता ने बताया कि सीमा पार से हुई भीषण गोलाबारी के कारण अधिकारियों को पुंछ जिले में आधा दर्जन सरकारी स्कूलों में कक्षाएं रोकनी पड़ीं।

इन इलाकों में की गई फायरिंग

प्रवक्ता ने बताया कि पाकिस्तान ने राजौरी के नौशेरा सेक्टर, मेंढर के बालाकोट इलाके और पुंछ जिले के शाहपुर और केरनी सेक्टर में बिना किसी उकसावे के संघर्ष विराम का उल्लंघन किया, जिसका भारतीय सेना ने मुंह तोड़ जवाब दिया। उन्होंने बताया कि इससे पहले पाकिस्तान ने शुक्रवार रात 8 से 10 बजे के बीच नौशेरा में जबकि रात करीब पौने बारह बजे से देर रात दो बजे के बीच बालाकोट में छोटे हथियारों से गोलीबारी की और गोले दागे।

उन्होंने बताया कि शनिवार सुबह करीब पौने दस बजे पाकिस्तान ने एक बार फिर पुंछ जिले में शाहपुर और केरनी सेक्टर में संघर्ष विराम का उल्लंघन किया। उन्होंने बताया कि अंतिम सूचना मिलने तक दोनों ओर से गोलीबारी जारी थी। पुंछ के उपायुक्त राहुल यादव ने बताया कि बालाकोट इलाके में रातभर हुई पाकिस्तानी गोलाबारी में 16 मवेशी मारे गए हैं। यादव ने मीडिया से बातचीत में कहा, 'शनिवार को एहतियाती तौर पर चार स्कूलों की कक्षाओं को निलंबित कर दिया क्योंकि स्कूल परिसर में जिंदा मोर्टार होने का संदेह था।'

सुरक्षा के मद्देनजर स्कूल को किया गया है बंद

अधिकारियों ने बताया कि जारी गोलाबारी और बच्चों की सुरक्षा के मद्देनजर शाहपुर में भी कई स्कूलों को बंद किया गया है। उन्होंने बताया कि पाकिस्तान की ओर से की गई गोलीबारी में कई मकान क्षतिग्रस्त हुए हैं। हालांकि किसी के हताहत होने की कोई सूचना नहीं है। अधिकारियों ने बताया कि आवासीय इलाकों पर भीषण गोलाबारी के कारण सीमावर्ती गांवों में तनाव की स्थिति है। लोगों से अपनी सुरक्षा के लिए एहतियाती कदम उठाने को कहा गया है। अधिकारियों के अनुसार इस साल अभी तक पाकिस्तान ने 2,050 बार संघर्ष विराम का उल्लंघन किया है, जिसमें 21 भारतीय मारे गए हैं और कई अन्य घायल हुए हैं।