Bhopal Fire Incident: भोपाल में नौतपा के पहले दिन रचना टॉवर में लगी आग ने ऐता तांडव मचाया कि एक इलेक्ट्रिक स्कूटी और एक कार जलकर राख हो गए।
मध्य प्रदेश भीषण गर्मी पड़ रही है। नौतपा के पहले दिन सोमवार को आसमान से ऐसे आग बरसी की प्रदेश में कई जिलों का तापमान 45 डिग्री जा पहुंचा। इसी बीच भोपाल के रचना टॉवर में दिल दहला देने वाला हादसा हो गया। जहां एक इलेक्ट्रिक स्कूटी में आग लग गई। दो से तीन मिनट के अदर आग ने पास खड़ी एक कार को अपनी चपेट में ले लिया। देखते ही देखते पूरा कार जलकर खाक हो गई।

भोपाल के रचना टॉवर में बड़ा हादसा
दरअसल, यह भयानक हादसा भोपाल के रचना नगर स्थित रचना टावर का है। जहां सोमवार दोपहर करीब डेडबजे बेसमेंट में खड़े दो वाहनों में आग लग गई। इस घटना से बिल्डिंग में हड़कंप मच गया। पूरी बिल्डिंग में धुआं भर गया। लोग चीखते हुए अपने अपने फ्लैट से बाहर निकले। किसी ने पुलिस को कॉल किया तो किसी ने फायर टीम को सूचित किया। हालांकि कुछ देर बाद पुलिस और फायर टीम दोनों ही पहुंच गईं।
भोपाल में इलेक्ट्रिक स्कूटी बनी आग का गोला
घटना के वक्त मौके पर मौजूद लोगों ने बताया कि आग सबसे पहले बेसमेंट में खड़े एक इलेक्ट्रिक टू-व्हीलर में लगी। इसके बाद आग ने पास खड़ी एक कार को अपनी चपेट में ले लिया। देखते ही देखते वह कार धू-धूकर जल गई। बिल्डिंग में रहने वाले से कोई बॉल्टी लेने दौड़ा तो किसी ने घर से पानी का पाइप जोड़ लिया। लेकिन आग की लपटें बहुत तेज थीं, जिस पर काबू पाना मुश्किल थी। हालाकि कुछ समय बाद फायर टीम मौके पर पहुंची और कुछ देर की मशक्कत के बाद आग बुझाई।
गर्मी में इलेक्ट्रिक स्कूटी और कार की इन बातों को नहीं करें इग्नोर
1. सीधी धूप में पार्क न करें
- इलेक्ट्रिक स्कूटी को लंबे समय तक तेज धूप में खड़ा न रखें। कोशिश करें कि वाहन छांव या पार्किंग शेड में रहे।
2. ओवरचार्जिंग से बचें
- बैटरी को रातभर चार्ज पर लगाकर न छोड़ें। फुल चार्ज होने के बाद तुरंत चार्जर हटाएं।
3. लोकल चार्जर का इस्तेमाल न करें
- हमेशा कंपनी का ओरिजिनल चार्जर और बैटरी ही इस्तेमाल करें। नकली या सस्ते चार्जर आग का बड़ा कारण बन सकते हैं।
4. चार्जिंग के दौरान ध्यान रखें
- स्कूटी को बंद जगह या ज्वलनशील सामान के पास चार्ज न करें। चार्जिंग के समय बैटरी ज्यादा गर्म लगे तो तुरंत बंद करें।
5. बैटरी में सूजन या गंध दिखे तो सतर्क हो जाएं
- बैटरी फूलना, धुआं निकलना या जलने जैसी बदबू आना खतरे का संकेत हो सकता है। तुरंत सर्विस सेंटर से जांच कराएं।
6. लोकल मॉडिफिकेशन न करवाएं
- बैटरी या वायरिंग में किसी भी तरह का गैर-प्रमाणित बदलाव आग का खतरा बढ़ा सकता है।
7. समय-समय पर सर्विस कराएं
- गर्मियों में बैटरी, वायरिंग और चार्जिंग सिस्टम की नियमित जांच बेहद जरूरी है।


