मेरठ के सरधना में बन रही मेजर ध्यानचंद स्पोर्ट्स यूनिवर्सिटी प्रदेश की पहली स्पोर्ट्स यूनिवर्सिटी है। 100 एकड़ में विकसित यह संस्थान 12 खेलों में डिग्री, डिप्लोमा और रिसर्च कोर्स कराएगा। सरकार का लक्ष्य इसे वर्ल्ड क्लास बनाना है।

मेरठ। मेरठ के सरधना क्षेत्र में निर्माणाधीन मेजर ध्यानचंद स्पोर्ट्स यूनिवर्सिटी पश्चिमी उत्तर प्रदेश सहित पूरे राज्य में खेलों के क्षेत्र में नए मानक स्थापित करेगी। गुरुवार को मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने मीडिया से बातचीत में प्रदेश की खेल अवसंरचना, खेल संस्कृति और इस स्पोर्ट्स यूनिवर्सिटी की प्रगति, उद्देश्य और भविष्य की कार्ययोजना की विस्तृत जानकारी दी। मुख्यमंत्री ने कहा कि हॉकी के महान खिलाड़ी मेजर ध्यानचंद के नाम पर प्रदेश की पहली स्पोर्ट्स यूनिवर्सिटी का मेरठ में निर्माण होना गर्व की बात है और इसके लिए मेरठ का चयन पूरी तरह उपयुक्त है।

यूनिवर्सिटी का लोगो, फ्लैग और यूनिफॉर्म लॉन्च

मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने बताया कि स्पोर्ट्स यूनिवर्सिटी का लोगो, फ्लैग और यूनिफॉर्म लॉन्च कर दिए गए हैं। यह यूनिवर्सिटी आने वाले समय में युवाओं को एक मजबूत प्लेटफॉर्म प्रदान करेगी और खेल गतिविधियों में नए मापदंड तय करेगी।

100 एकड़ में विकसित हो रहा आधुनिक स्पोर्ट्स कैंपस

मुख्यमंत्री ने जानकारी दी कि सरधना क्षेत्र में गंग नहर के किनारे पहले चरण में 90 एकड़ भूमि पर यूनिवर्सिटी का निर्माण कार्य चल रहा है। इसमें 10 एकड़ अतिरिक्त भूमि जोड़कर कुल क्षेत्रफल 100 एकड़ किया जा रहा है। इस परियोजना का शुभारंभ प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने किया था।

पहले चरण में ₹250 करोड़, दूसरे चरण में नए प्रोजेक्ट

सरकार ने यूनिवर्सिटी के पहले चरण के लिए 250 करोड़ रुपये स्वीकृत किए हैं, जिसका कार्य मार्च तक पूरा हो जाएगा। दूसरे चरण के लिए 200 करोड़ रुपये से अधिक की परियोजनाएं प्रस्तावित हैं। लक्ष्य है कि 31 मई 2026 तक फेज-1 और फेज-2 के सभी कार्य पूरे कर लिए जाएं। मुख्यमंत्री ने विश्वास जताया कि यह यूनिवर्सिटी प्रधानमंत्री मोदी के विजन के अनुरूप भारत की खेल प्रतिभा को वैश्विक मंच तक पहुंचाने में सहायक बनेगी।

अगस्त 2025 से शुरू हुआ शैक्षणिक सत्र

मुख्यमंत्री योगी ने बताया कि अगस्त 2025 से स्पोर्ट्स यूनिवर्सिटी का शैक्षणिक सत्र शुरू हो चुका है। फिलहाल इसकी कक्षाएं सरदार वल्लभ भाई पटेल कृषि विश्वविद्यालय, मेरठ में संचालित की जा रही हैं। आगामी शैक्षणिक सत्र से यूनिवर्सिटी अपने नए और स्थायी कैंपस में स्थानांतरित हो जाएगी।

12 खेलों में डिप्लोमा, डिग्री और पीजी कोर्स

स्पोर्ट्स यूनिवर्सिटी में नियमित खेलों के साथ-साथ छह पारंपरिक खेलों को भी शामिल किया गया है। कुल 12 खेलों में डिप्लोमा, स्नातक और स्नातकोत्तर स्तर के पाठ्यक्रम संचालित किए जाएंगे। इसके अलावा खेलों से जुड़े शोध (रिसर्च) पाठ्यक्रम भी शुरू किए जाएंगे।

वर्ल्ड क्लास स्पोर्ट्स यूनिवर्सिटी बनाने का लक्ष्य

मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने कहा कि सरकार का लक्ष्य इस संस्थान को एक वर्ल्ड क्लास स्पोर्ट्स यूनिवर्सिटी के रूप में विकसित करना है। इसके लिए उच्च गुणवत्ता वाली फैकल्टी की नियुक्ति और पूर्व खिलाड़ियों को कोच के रूप में जोड़ने के निर्देश दिए गए हैं, ताकि प्रशिक्षण में अनुभव और व्यवहारिक ज्ञान का समावेश हो सके।

पश्चिमी यूपी की खेल प्रतिभा को मिलेगा मंच

मुख्यमंत्री ने कहा कि पश्चिमी उत्तर प्रदेश में खेलों के प्रति युवाओं में विशेष रुचि है और यहां से कई ओलंपियन देश के लिए पदक जीत चुके हैं। इसी प्रतिभा को देखते हुए सरकार प्रदेश में खेल संस्कृति को बढ़ावा देने के लिए लगातार कदम उठा रही है।

उन्होंने बताया कि मेरठ ऐतिहासिक रूप से क्रांति की धरती रही है और स्वतंत्रता आंदोलन में इस जनपद ने देश को नेतृत्व दिया। ‘वन डिस्ट्रिक्ट वन प्रोडक्ट’ योजना के तहत स्पोर्ट्स आइटम्स को मेरठ का जिला उत्पाद बनाया गया है।

हर मंडल में स्पोर्ट्स कॉलेज, प्राइवेट एकेडमी को सहयोग

मुख्यमंत्री योगी के अनुसार, स्पोर्ट्स यूनिवर्सिटी को केंद्र बनाकर हर मंडल में एक-एक स्पोर्ट्स कॉलेज स्थापित करने की दिशा में सरकार तेजी से कार्य कर रही है। इसके साथ ही प्रदेश में खेलों के विकास के लिए कार्य कर रही प्राइवेट स्पोर्ट्स एकेडमी को भी राज्य सरकार संचालन में सहयोग प्रदान करेगी।