MHA Census 2027 Schedule: क्या 2027 की जनगणना देश की तस्वीर बदल देगी? MHA ने Census 2027 का शेड्यूल जारी कर 33 सवालों की लिस्ट सामने रखी है। घर, सुविधा, मोबाइल से लेकर जाति तक-1931 के बाद पहली बार कौन-कौन सा सच दर्ज होगा? 

नई दिल्ली। भारत में होने वाली जनगणना 2027 को लेकर गृह मंत्रालय (MHA) ने बड़ा ऐलान कर दिया है। लंबे इंतज़ार के बाद सरकार ने साफ कर दिया है कि जनगणना दो चरणों में होगी और इसमें वही 33 सवाल पूछे जाएंगे जो 2021 में पूछे जाने थे, लेकिन कोरोना महामारी के कारण जनगणना टाल दी गई थी। इस बार की जनगणना इसलिए भी खास मानी जा रही है क्योंकि 1931 के बाद पहली बार जाति से जुड़ी जानकारी भी इसमें शामिल की जाएगी।

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जनगणना 2027 में घर से जुड़ी कौन-कौन सी जानकारी मांगी जाएगी?

जनगणना का पहला चरण हाउसलिस्टिंग और हाउसिंग जनगणना होगा, जो 1 अप्रैल से 30 सितंबर 2026 तक चलेगा। इस दौरान जनगणना अधिकारी आपके घर से जुड़ी बुनियादी लेकिन अहम जानकारी इकट्ठा करेंगे। इसमें पूछा जाएगा-

  • घर या बिल्डिंग का नंबर।
  • घर की दीवार, छत और फर्श किस सामग्री से बने हैं।
  • घर का इस्तेमाल किस काम के लिए हो रहा है।
  • घर की हालत कैसी है।

यह जानकारी सरकार को देश में आवास की वास्तविक स्थिति समझने में मदद करेगी।

परिवार के लोगों को लेकर क्या-क्या सवाल पूछे जाएंगे?

जनगणना 2027 में घर के अंदर रहने वाले लोगों से जुड़ी जानकारी भी ली जाएगी। जैसे-

  • घर में कुल कितने लोग रहते हैं।
  • घर के मुखिया का नाम और लिंग।
  • मुखिया SC, ST या अन्य वर्ग से है या नहीं।
  • घर में कितने कमरे हैं।
  • घर में कितने शादीशुदा जोड़े रहते हैं।
  • घर अपना है या किराए का।

ये सवाल सुनने में साधारण लगते हैं, लेकिन इन्हीं से सरकारी योजनाओं की दिशा तय होती है।

पानी, शौचालय और बिजली तक की जानकारी क्यों मांगी जाएगी?

जनगणना अधिकारी यह भी जानना चाहेंगे कि आपके घर में बुनियादी सुविधाएं कैसी हैं। आपसे पूछा जाएगा-

  • पीने के पानी का मुख्य स्रोत क्या है?
  • बिजली का स्रोत क्या है?
  • शौचालय है या नहीं, और किस प्रकार का है?
  • गंदे पानी की निकासी की व्यवस्था?
  • नहाने की सुविधा उपलब्ध है या नहीं?

इन सवालों का मकसद देश में स्वच्छता और बुनियादी सुविधाओं की असली तस्वीर सामने लाना है।

मोबाइल, इंटरनेट और LPG तक की जानकारी क्यों जरूरी है?

इस बार की जनगणना में आधुनिक सुविधाओं पर भी फोकस किया गया है। आपसे यह भी पूछा जाएगा-

  • घर में LPG या CNG कनेक्शन है या नहीं?
  • खाना पकाने के लिए कौन-सा ईंधन इस्तेमाल होता है?
  • टीवी, रेडियो, मोबाइल, स्मार्टफोन या इंटरनेट की सुविधा?
  • परिवार के पास कोई वाहन है या नहीं?
  • घर में मुख्य रूप से कौन-सा अनाज खाया जाता है?

घर का मोबाइल नंबर भी लिया जाएगा, लेकिन सरकार ने साफ किया है कि इसका इस्तेमाल केवल जनगणना से जुड़ी जानकारी के लिए होगा।

जनसंख्या गणना कब होगी और जाति डेटा क्यों अहम है?

जनगणना का दूसरा चरण यानी जनसंख्या गणना 9 फरवरी से 28 फरवरी 2027 के बीच होगी। इसकी संदर्भ तिथि 1 मार्च 2027, रात 12 बजे तय की गई है। इसी चरण में जाति से जुड़ी जानकारी भी इकट्ठा की जाएगी, जो 1931 के बाद पहली बार होगा। माना जा रहा है कि यह डेटा आने वाले समय में नीतियों और आरक्षण व्यवस्था पर बड़ा असर डाल सकता है। जनगणना 2027 सिर्फ आंकड़ों की कवायद नहीं है, बल्कि यह तय करेगी कि आने वाले वर्षों में सरकार की योजनाएं किस दिशा में जाएंगी। इसलिए हर नागरिक के लिए इसमें सही जानकारी देना बेहद जरूरी होगा।