Patna-Sonpur Ropeway: पटना से सोनपुर के हरिहरनाथ मंदिर तक गंगा के ऊपर करीब 7 किमी रोपवे की योजना है। जानिए रूट, PPP मॉडल, काम शुरू होने की समयसीमा और पर्यटन पर इसके संभावित असर की पूरी कहानी।

सोचिए, पटना के जेपी गंगा पथ से सफर शुरू हो और कुछ ही देर बाद नीचे बहती गंगा दिखाई दे, जबकि सामने सोनपुर का हरिहरनाथ मंदिर हो। बिहार में अब ऐसा नजारा सिर्फ कल्पना नहीं रह सकता। मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी ने राइजिंग बिहार इन्वेस्टर समिट 2026 में पटना से हरिहरनाथ, सोनपुर तक गंगा के ऊपर रोपवे परियोजना का ऐलान किया है। काम अगले पांच महीनों में शुरू करने की बात कही गई है।

7 किलोमीटर का होगा प्रस्तावित रोपवे

रिपोर्टों के मुताबिक प्रस्तावित रोपवे पटना के मरीन ड्राइव यानी जेपी गंगा पथ से सोनपुर स्थित बाबा हरिहरनाथ मंदिर क्षेत्र तक करीब 7 किलोमीटर लंबा हो सकता है। इसका बड़ा हिस्सा गंगा के ऊपर से गुजरने का प्रस्ताव है। हालांकि अंतिम अलाइनमेंट, स्टेशन और परियोजना की लागत से जुड़ी विस्तृत तकनीकी जानकारी अभी सार्वजनिक नहीं हुई है।

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PPP मॉडल पर बनेगा गंगा का नया रूट

सरकार इस परियोजना को पब्लिक-प्राइवेट पार्टनरशिप यानी PPP मॉडल पर विकसित करने की योजना बता रही है। इसका मकसद सिर्फ पटना और सोनपुर के बीच एक और कनेक्टिविटी विकल्प तैयार करना नहीं, बल्कि इसे पर्यटन से भी जोड़ना है। गंगा के ऊपर से सफर अपने आप में पर्यटकों के लिए आकर्षण बन सकता है।

हरिहरनाथ मंदिर और सोनपुर मेले को मिलेगा नया कनेक्शन

सोनपुर की पहचान बाबा हरिहरनाथ मंदिर और प्रसिद्ध सोनपुर मेले से है। प्रस्तावित रोपवे बनने पर पटना से आने वाले श्रद्धालुओं और पर्यटकों को एक नया विकल्प मिल सकता है। खासकर धार्मिक आयोजनों और पर्यटन सीजन में यह कनेक्टिविटी उपयोगी हो सकती है। हालांकि इसका वास्तविक असर यात्रियों की संख्या, किराये, क्षमता और संचालन व्यवस्था तय होने के बाद ही स्पष्ट होगा।

सोनपुर के कारोबार पर भी पड़ सकता है असर

बेहतर कनेक्टिविटी के साथ होटल, रेस्तरां, स्थानीय बाजार, गाइड सेवा और दूसरे पर्यटन कारोबार के विस्तार की संभावना बन सकती है। अगर पर्यटकों का ठहराव बढ़ता है तो स्थानीय कारोबारियों और छोटे उद्यमों को भी फायदा मिल सकता है। इसी वजह से इस परियोजना को परिवहन के साथ पर्यटन और स्थानीय अर्थव्यवस्था से जोड़कर देखा जा रहा है।

बिहार में गंगा-आधारित पर्यटन की बड़ी तस्वीर

पटना-सोनपुर रोपवे बिहार में पर्यटन कनेक्टिविटी को आधुनिक बनाने की व्यापक योजना का हिस्सा बताया जा रहा है। राज्य सरकार निवेश और पर्यटन के लिए इंफ्रास्ट्रक्चर विस्तार पर जोर दे रही है। राइजिंग बिहार इन्वेस्टर समिट 2026 का आधिकारिक फोकस भी इंफ्रास्ट्रक्चर, पर्यटन और निवेश के अवसरों पर रहा। अब असली नजर इस बात पर होगी कि पटना-सोनपुर रोपवे का अंतिम रूट, लागत, स्टेशन और निर्माण योजना कब सामने आती है।

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