पटना में 10वीं की एक छात्रा परीक्षा के लिए 10 मिनट लेट हो गई। उसे केंद्र में प्रवेश की अनुमति नहीं मिली। इससे व्यथित होकर उसने चलती ट्रेन से कूदकर जान दे दी।
पटना: सिर्फ 10 मिनट की देरी ने एक छात्रा की जान ले ली. परीक्षा केंद्र का गेट बंद हो गया और अधिकारियों ने अंदर जाने की इजाजत नहीं दी. इस बात से एक किशोरी इतनी दुखी हुई कि उसने चलती ट्रेन से कूदकर अपनी जान दे दी. यह दर्दनाक घटना पटना की है. जान देने वाली छात्रा का नाम कोमल कुमारी था और वह 10वीं क्लास में पढ़ती थी. मंगलवार को कोमल का पटना के बाढ़ इलाके में एक परीक्षा केंद्र पर एग्जाम था. परीक्षा केंद्र के पास पहुंचने के लिए कोमल सोमवार को ही अपने एक रिश्तेदार के घर आ गई थी.
10 मिनट की देरी, छूटी परीक्षा, छात्रा ने उठाया खौफनाक कदम
परीक्षा शुरू होने का समय सुबह 9:30 बजे था, लेकिन छात्रों को रिपोर्ट करने का समय सुबह 9 बजे दिया गया था. कोमल सुबह 9:10 पर परीक्षा केंद्र के गेट पर पहुंची, लेकिन तब तक गेट बंद हो चुका था. उसने गेट पर मौजूद कर्मचारियों और अधिकारियों से बहुत मिन्नतें कीं. रो-रोकर अपनी हालत बताई और परीक्षा हॉल में जाने देने की गुहार लगाई. लेकिन, कई बार कहने के बावजूद अधिकारियों का दिल नहीं पसीजा और उन्होंने नियमों में कोई ढील देने से साफ इनकार कर दिया.
इस घटना से कोमल बुरी तरह टूट गई और उसे निराश होकर परीक्षा केंद्र से लौटना पड़ा. इसके बाद वह घर जाने के लिए ट्रेन में चढ़ी. लेकिन जैसे ही ट्रेन चली, उसने चलती ट्रेन से बाहर छलांग लगा दी और उसकी मौत हो गई. जानकारी के मुताबिक, वह नदौल रेलवे स्टेशन से ट्रेन में चढ़ी थी और तरेगना और मसौढ़ी कोर्ट स्टेशन के बीच उसने ट्रेन से छलांग लगा दी.
पुलिस को जब शव मिला तो उसकी पहचान नहीं हो पा रही थी. बाद में पुलिस ने सोशल मीडिया पर तस्वीरें साझा कीं, जिसके बाद शव की पहचान कोमल के रूप में हुई. कोमल के माता-पिता दिहाड़ी मजदूर हैं और वह अपने तीन भाई-बहनों में सबसे बड़ी थी. इस घटना के बाद, परीक्षा के नियमों को इतनी सख्ती से लागू करने को लेकर इलाके में काफी गुस्सा और विरोध है.
(नोटः आत्महत्या किसी भी समस्या का समाधान नहीं है. अगर आप परेशान हैं या ऐसे ख्याल आ रहे हैं, तो मदद के लिए इन नंबर्स पर कॉल कर सकते हैं- 1056, 0471- 2552056)
