दो नए वंदे भारत स्लीपर ट्रेन रूट पर बड़ी तैयारी! दिल्ली-वाराणसी का सफर करीब 3 घंटे और मुंबई-बेंगलुरु का सफर 6–8 घंटे तक कम होने की उम्मीद है। जानिए संभावित लॉन्च डेट, टाइम टेबल, स्टॉपेज और किराया। ध्यान दें: अंतिम जानकारी की आधिकारिक पुष्टि बाकी है।
लंबी दूरी का सफर करने वाले यात्रियों के लिए रेलवे की नई तैयारी बड़ी राहत ला सकती है। दिल्ली से वाराणसी और मुंबई से बेंगलुरु के बीच दो नई वंदे भारत स्लीपर ट्रेनें शुरू होने की संभावना है। प्रस्तावित समय-सारिणी के मुताबिक, इन ट्रेनों से यात्रियों के कई घंटे बच सकते हैं। हालांकि, लॉन्च की तारीख, नियमित परिचालन और अंतिम टाइम टेबल की आधिकारिक पुष्टि का इंतजार है।
कब शुरू हो सकती हैं दोनों वंदे भारत स्लीपर ट्रेनें?
मीडिया रिपोर्ट्स और प्रस्तावित शेड्यूल के अनुसार, दिल्ली-वाराणसी वंदे भारत स्लीपर ट्रेन 31 अक्टूबर के आसपास शुरू हो सकती है। वहीं, मुंबई-बेंगलुरु ट्रेन के 1 नवंबर से शुरू होने की संभावना है। केंद्रीय रेल एवं जल शक्ति राज्य मंत्री वी. सोमन्ना ने मुंबई-बेंगलुरु ट्रेन को लेकर जानकारी दी है। यात्रियों को अंतिम तारीख के लिए रेलवे की आधिकारिक घोषणा देखनी चाहिए।
यह भी पढ़ें: Karwa Chauth 2026: करवा चौथ पर कौन-से काम भूलकर न करें? जानें उज्जैन के ज्योतिषाचार्य से
दिल्ली से वाराणसी का सफर 9 घंटे में?
प्रस्तावित समय के अनुसार, नई दिल्ली से वाराणसी के बीच सफर करीब 9 घंटे 12 मिनट में पूरा हो सकता है। अभी राजधानी एक्सप्रेस से इस दूरी को तय करने में लगभग 12 घंटे लगते हैं। ऐसे में यात्रियों को करीब 3 घंटे की बचत होने की उम्मीद है।
प्रस्तावित टाइम टेबल के मुताबिक, नई दिल्ली से ट्रेन रात 9:40 बजे रवाना होकर अगले दिन सुबह 6:45 बजे वाराणसी पहुंच सकती है। रास्ते में प्रयागराज जंक्शन पर सुबह 4:45 बजे पहुंचने और 4:50 बजे रवाना होने का समय दिया गया है।
वाराणसी से दिल्ली आने का संभावित टाइम टेबल
वाराणसी से नई दिल्ली के लिए ट्रेन रात 8:50 बजे रवाना होने और अगले दिन सुबह 5:55 बजे दिल्ली पहुंचने का प्रस्ताव है। प्रयागराज जंक्शन पर रात 10:35 बजे पहुंचकर 10:40 बजे रवाना होने की टाइमिंग दी गई है। कानपुर सेंट्रल पर रात 12:40 बजे पहुंचने का समय बताया गया है, लेकिन वहां ठहराव की अवधि स्पष्ट नहीं है।
मुंबई-बेंगलुरु के बीच 6 से 8 घंटे बचने की उम्मीद
करीब 1,118 किलोमीटर लंबे मुंबई-बेंगलुरु रूट पर नई ट्रेन लगभग 16 घंटे में सफर पूरा कर सकती है। मौजूदा सबसे तेज ट्रेन को इस दूरी में करीब 22 घंटे लगने की जानकारी दी गई है। इस हिसाब से 6 से 8 घंटे तक की बचत संभव है। प्रस्तावित समय के अनुसार, मुंबई से ट्रेन रात 10:30 बजे रवाना होकर अगले दिन दोपहर करीब 2:50 बजे बेंगलुरु पहुंच सकती है। बेंगलुरु से रात 10 बजे चलकर मुंबई के छत्रपति शिवाजी महाराज टर्मिनस पहुंचने का समय अगले दिन दोपहर 1:50 बजे बताया गया है।
किन स्टेशनों पर रुक सकती है ट्रेन?
मुंबई-बेंगलुरु ट्रेन के संभावित स्टॉपेज में अनंतपुर, गूंटकल, रायचूर, कलबुर्गी, सोलापुर और कल्याण शामिल हैं। प्रस्तावित शेड्यूल के मुताबिक, दोनों ट्रेनें सप्ताह में छह दिन चल सकती हैं। दिल्ली-वाराणसी ट्रेन शनिवार को, बेंगलुरु से मुंबई सेवा सोमवार को और मुंबई से बेंगलुरु सेवा मंगलवार को नहीं चलने की संभावना बताई गई है। अंतिम स्टॉपेज और परिचालन दिवस की पुष्टि रेलवे करेगा।
वंदे भारत स्लीपर का किराया कितना होगा?
रेल मंत्री अश्विनी वैष्णव ने मार्च में लोकसभा में दिए लिखित जवाब में बताया था कि वंदे भारत स्लीपर का किराया प्रति यात्री और प्रति किलोमीटर के आधार पर तय किया जाता है। एसी 3 टियर का किराया 2.40 रुपये प्रति किलोमीटर, जीएसटी अलग, बताया गया था। इस हिसाब से 1,000 किलोमीटर की यात्रा का किराया करीब 2,400 रुपये हो सकता है। अन्य श्रेणियों के लिए दर लगभग 2.40 से 3.80 रुपये प्रति किलोमीटर तक बताई गई थी। इन ट्रेनों में आरएसी टिकट की सुविधा नहीं होने की जानकारी भी दी गई थी। यात्रियों को टिकट बुक करने से पहले वास्तविक किराया, उपलब्धता और ट्रेन की आधिकारिक समय-सारिणी जरूर जांचनी चाहिए।
यह भी पढ़ें: 80% मरीजों का मुफ्त इलाज! 50 साल से आंखों की रोशनी लौटा रहा शंकरा आई फाउंडेशन




