दिल्ली से जोधपुर एयरपोर्ट पर उतरे थे चंद्रशेखर और उनके समर्थक,  3 घंटे एयरपोर्ट पर रखने के बाद अज्ञात जगह के लिए लेकर रवाना हो गई पुलिस। दलित छात्र से मिलने जालौर जा रहे थे भीम आर्मी के चीफ तभी पुलिस उनको ले गई।

जोधपुर. राजस्थान के जालौर में 9 साल के इंद्र मेघवाल की मौत के बाद जो माहौल बना हुआ है वह पूरी तरह से अब राजनीतिक होता जा रहा है । जालौर में कल पीड़ित परिवार के यहां राजनेताओं और दलित समाज के नेताओं के मिलने जुलने का सिलसिला देर शाम तक चलता रहा । आज भी कई बड़े नेता समाज से संबंधित और राजनीति से ताल्लुक रखने वाले पीड़ित परिवार के यहां मिलने पहुंचे। 2 दिन से जालौर के सुराणा थाना क्षेत्र में पुलिस की परेड जारी है। भारी पुलिस बंदोबस्त जालौर में कर रखा है। 

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भीम आर्मी चीफ पहुंचे जोधपुर
इस बीच जब आज सूचना मिली की भीम आर्मी चीफ चंद्रशेखर आजाद दिल्ली से जोधपुर एयरपोर्ट पर आ रहा है, तो उसे जोधपुर एयरपोर्ट पर हिरासत में ले लिया गया। दरअसल चंद्रशेखर आजाद जालौर में पीड़ित परिवार से मिलने के लिए आ रहे थे। लेकिन वह सुरक्षा के लिए बड़ा खतरा बन सकते थे। ऐसे में पुलिस ने उन्हें जालौर नहीं जाने दिया। वह दिल्ली से जोधपुर एयरपोर्ट पर उतरे ही थे कि जोधपुर एयरपोर्ट पर उतरने के तुरंत बाद जोधपुर पुलिस ने उन्हें एयरपोर्ट पर ही 3 घंटे हिरासत में लेकर रखा और उसके बाद अज्ञात जगह पर लेकर रवाना हो गई। 

एयरपोर्ट पर ही हुए नजरबंद

भीम आर्मी चीफ शाम करीब 4:00 बजे बाद में एयरपोर्ट पर उतरे थे पुलिस ने 7:00 बजे तक उन्हें हिरासत में रखा गया और उसके बाद उन्हें अपने साथ ले गई। गौरतलब है कि जालौर के इस मामले में पहले ही राजस्थान में जमकर राजनीति हो रही है। ऐसे में सरकार को डर है कि अगर चंद्रशेखर वहां पहुंचते हैं तो उनके भाषण के बाद माहौल और ज्यादा खराब हो सकता है। एहतियातन पुलिस ने चंद्रशेखर को जालौर जाने ही नहीं दिया। फिलहाल चंद्रशेखर को कहां ले जाया गया है, इस बारे में जोधपुर पुलिस ने कोई जानकारी साझा नहीं की है । 

खुद को भीम आर्मी चीफ कहते हैं चंद्रशेखर 
दरअसल स्वयंभू भीम आर्मी चीफ चंद्रशेखर मूल रूप से उत्तर प्रदेश के रहने वाले हैं। उत्तर प्रदेश में 4 से 5 साल पहले हुए एक बड़े आंदोलन में चंद्रशेखर की भूमिका सामने आई थी। उसके बाद चंद्रशेखर को करीब 15 से 16 महीने तक जेल में रखा गया था। जेल से वापस लौटने के बाद चंद्रशेखर ने समाज की राजनीति करना शुरू कर दिया। देश में दलितों पर होने वाले अत्याचारों पर उन्होंने मुखर होकर अपनी राय रखना शुरू कर दिया। पिछले कुछ दिनों से वह दिल्ली में थे और अब आज जोधपुर आ कर जोधपुर से सड़क मार्ग होते हुए जालौर जाने की तैयारी में थे।

गौरतलब है कि सरकार ने कथित भीम आर्मी चीफ चंद्रशेखर आजाद को दलित परिवार से मिलने नहीं जाने दिया, लेकिन इस बीच भीम सेना के राष्ट्रीय अध्यक्ष आज दोपहर बाद पीड़ित परिवार से मिलने जालौर पहुंचे।

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