Team India Overseas Tour: भारतीय क्रिकेट टीम का क्रेज सिर्फ विराट कोहली या रोहित शर्मा तक सीमित नहीं है। अब अभिषेक शर्मा और वैभव सूर्यवंशी जैसे युवा खिलाड़ी भी दुनियाभर के फैंस को स्टेडियम खींच लाते हैं। भारतीय टीम का दौरा विदेशी क्रिकेट बोर्ड्स के लिए पैसों की बारिश लेकर आता है।
Indian Cricket Business: भारतीय टीम जब भी किसी देश के दौरे पर जाती है, वहां के स्टेडियम खचाखच भर जाते हैं। टिकटों की मारामारी मच जाती है, ब्रॉडकास्टिंग राइट्स के दाम आसमान छूने लगते हैं और स्पॉन्सर्स की लाइन लग जाती है। साफ कहें तो किसी भी देश के क्रिकेट बोर्ड के लिए भारतीय टीम की मेजबानी करना क्रिकेट सीरीज से ज्यादा एक बड़ा बिजनेस बन जाता है।
कोहली और रोहित ही नहीं, अब नए सितारों का भी जबरदस्त क्रेज
न्यूजीलैंड में चल रही भारत और न्यूजीलैंड की टी20 सीरीज इसका सबसे ताजा उदाहरण है। न्यूजीलैंड के खिलाड़ी फिन एलेन का भी मानना है कि भारतीय टीम जहां भी जाती है, फैंस का सैलाब उसके पीछे पहुंच जाता है। सीरीज के शुरुआती तीन टी20 मैचों में पहुंची भारी भीड़ इस बात का सुबूत है।
विराट कोहली और रोहित शर्मा भारतीय क्रिकेट के सबसे बड़े ब्रांड हैं, इसमें कोई शक नहीं। लेकिन भारतीय क्रिकेट का जादू अब सिर्फ इन दोनों तक सीमित नहीं रह गया है। अभिषेक शर्मा, वैभव सूर्यवंशी और संजू सैमसन जैसे युवा खिलाड़ी भी स्टेडियम में भीड़ जुटा रहे हैं। विदेशों में रहने वाले भारतीय अपने पसंदीदा खिलाड़ियों को देखने स्टेडियम पहुंचते ही हैं, साथ ही स्थानीय फैंस भी भारत का मैच देखने में काफी दिलचस्पी दिखाते हैं।
विदेशी बोर्ड क्यों करते हैं भारत के दौरे का इंतजार?
टीम इंडिया का दौरा सिर्फ टिकटों की बिक्री से ही कमाई नहीं कराता, बल्कि ब्रॉडकास्टिंग राइट्स, विज्ञापन और स्पॉन्सरशिप से भी मेजबान क्रिकेट बोर्ड की जेब भर देता है। रिपोर्ट्स के मुताबिक, श्रीलंका क्रिकेट बोर्ड के एक प्रतिनिधि ने तो यहां तक कहा था कि वे अपने देश में भारतीय टीम की मेजबानी बार-बार करना चाहते हैं।
पाकिस्तान क्रिकेट बोर्ड के पूर्व चेयरमैन नजम सेठी ने भी एक बार माना था कि भारतीय क्रिकेट की आर्थिक ताकत बहुत ज्यादा है। भारत के खिलाफ खेलने से आईसीसी के बाकी सदस्य देशों को कमाई का बड़ा मौका मिलता है।
वेस्टइंडीज क्रिकेट को भारत से कितना फायदा?
वेस्टइंडीज क्रिकेट बोर्ड के पूर्व सीईओ जॉनी ग्रेव का बयान भारतीय क्रिकेट के आर्थिक दबदबे की पूरी कहानी बयां करता है। उन्होंने बताया था कि वेस्टइंडीज क्रिकेट बोर्ड की कुल कमाई का करीब 75 प्रतिशत हिस्सा भारतीय क्रिकेट और भारतीय टीवी मार्केट से आता है। इसमें भारत के खिलाफ होने वाली द्विपक्षीय सीरीज की कमाई भी शामिल है।
मैदान के बाहर भी दिखता है भारतीय क्रिकेट का रुतबा
देखा जाए तो भारतीय क्रिकेट की ताकत सिर्फ खिलाड़ियों के प्रदर्शन तक ही सीमित नहीं है। भारत के पास फैंस की बड़ी फौज, दुनिया भर में फैला भारतीय समुदाय और एक बहुत बड़ा ब्रॉडकास्ट मार्केट है। यही वजह है कि दुनिया का हर क्रिकेट बोर्ड टीम इंडिया के दौरे की राह देखता है। भारत खेलेगा तो फैंस आएंगे, और जब फैंस आएंगे तो क्रिकेट का बिजनेस भी जोर पकड़ेगा।




