रायपुर में 1 सितंबर 2025 से दोपहिया वाहन चालकों को बिना हेलमेट के पेट्रोल पंपों पर पेट्रोल नहीं मिलेगा। इस पहल का मकसद हादसों को रोककर लोगों की जान बचाना है। कोई विवाद या हंगामा करेगा तो उसके खिलाफ सख्त कार्रवाई होगी।

रायपुर में बाइक और स्कूटी चलाने वालों के लिए आज यानि 1 सिंतबर को बड़ी खबर है। अगर वह बिना हेलमेट के पेट्रोल पंप पर जाते हैं तो उन्हें पेट्रोल नहीं मिलेगा। यह नियम तत्काल प्रभाव से लागू कर दिया गया है। इसलिए दोपहिया वाहन चालक घर से निकलने से पहले अपना हेलमेट जरूर चेक कर लीजिए, नहीं तो आपको परेशानी का सामना करना पड़ सकता है। बता दें कि निगरानी के लिए पेट्रोल पंप के अलावा ट्रैफिक विभाग भी इस नियम का सख्ती से इसका पालन करवाएगा। 

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'नो हेलमेट-नो पेट्रोल' का असली मकसद

दरअसल, छत्तीसगढ़ पेट्रोलियम डीलर एसोसिएशन ने यह फैसला लिया है। हेलमेट के प्रति जागरूक करने के लिए 'नो हेलमेट-नो पेट्रोल' अभियान की पहल शुरू की है। इस पहल का एक मात्र उद्देशय है कि लोगों की जिंदगी बचे और वह हादसे के शिकार नहीं हो सकें। एसोसिएशन ने साफ तौर पर कहा है कि अगर कोई बिना हेलमेट पेट्रोल भराने को लेकर विवाद करेगा या हंगामा करेगा तो उसके खिलाफ प्रशासन और पुलिस सीधे कार्रवाई करेगी। इसके लिए जो लोग विवाद करेंगे उनसे सीधे पुलिस निपटेगी। पंप वाले इसकी​ शिकायत डायल 112 में कर सकते हैं।

भोपाल इंदौर में भी 'नो हेलमेट-नो पेट्रोल' नियम लागू

बता दें कि पिछले महीने मध्य प्रदेश में 'नो हेलमेट-नो पेट्रोल' नियम लागू किया गया है। जिसके तहते भोपाल और इंदौर में बिना हेलमेट वाले दोपहिया वाहनों को पेट्रोल नहीं दिया जा रहा है। बिना हेलमेट बाइक चलाने पर निगरानी के लिए पेट्रोल पंप के अलावा ट्रैफिक पुलिस और लोकल पुलिसकर्मी भी सख्ती से इसका पालन करवा रहे हैं। इस पहल को एक महीना आज पूरा भी हो गया है। इस पहल का मिशन भी हादसों को रोककर लोगों की जान बचाना है।

हेलमेट नहीं पहनने से हुई 214 लोगों की मौत

रायपुर पुलिस की रिपोर्ट के मुताबिक, हेलमेट नहीं लगाने की वजह से रायपुर में पिछले 7 महीने में 214 लोगों की मौतें हुई हैं। जबकि 150 से ज्यादा को गंभीर चोटें आईं। अगर यह लोग हेलमेट पहने होते तो शायद जान नहीं जाने का आंकड़ा कम होता।