MP में 31 मई को PM मोदी भोपाल से देंगे कई सौगातें – दतिया-सतना एयरपोर्ट का लोकार्पण, इंदौर मेट्रो का शुभारंभ और 999 रुपये में उड़ान की सुविधा, जानिए कैसे मिलेगा लाभ।

PM Modi Bhopal visit: प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी 31 मई को भोपाल दौरे पर आ रहे हैं और इस बार उनके हाथ में है विकास की झड़ी। मोदी जी महिला सम्मेलन में शिरकत करेंगे और उसी मंच से प्रदेश को कई नई सौगातें देंगे – दतिया और सतना एयरपोर्ट का वर्चुअल उद्घाटन और इंदौर मेट्रो का शुभारंभ।

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सिर्फ 999 रुपये में मिलेगी उड़ान का मौका

सबसे बड़ी खबर यह है कि पीएम मोदी की इस यात्रा के साथ ही आम आदमी को हवाई सफर की सस्ती सौगात मिल रही है। दतिया-भोपाल रूट पर उड़ान सेवा शुरू हो रही है, जिसमें 50% सीटें सिर्फ ₹999 में मिलेंगी। बाकी सीटों का किराया लेक्सी फेयर सिस्टम के तहत ₹2500 से ₹3500 के बीच रहेगा।

कौन-कौन सी रूट पर मिलेंगी उड़ानें?

बिग चार्टर एयरलाइंस द्वारा 2 जून से शुरू होने वाली ये सेवाएं सप्ताह में चार दिन – सोमवार, मंगलवार, बुधवार और गुरुवार को मिलेंगी। रूट इस प्रकार होंगे:

  • भोपाल से रीवा
  • रीवा से भोपाल
  • भोपाल से दतिया
  • दतिया से खजुराहो
  • खजुराहो से दतिया
  • दतिया से भोपाल

MP को मिलेगा पहला मेट्रो शहर – इंदौर

प्रधानमंत्री मोदी इंदौर मेट्रो का भी वर्चुअल उद्घाटन करेंगे, जिससे इंदौर अब दिल्ली और मुंबई जैसे शहरों की कतार में शामिल हो जाएगा। मेट्रो सेवाओं से शहर की आवाजाही और विकास को नई रफ्तार मिलेगी।

अब प्रदेश में होंगे 8 हवाई अड्डे

दतिया और सतना एयरपोर्ट के जुड़ने से मध्यप्रदेश में अब कुल 8 एयरपोर्ट हो जाएंगे: भोपाल, इंदौर, जबलपुर, ग्वालियर, रीवा, खजुराहो, और अब दतिया व सतना। यह एयर नेटवर्क राज्य के हर कोने को जोड़ने की दिशा में बड़ा कदम होगा। इससे पर्यटन, व्यापार और यात्रियों को जबरदस्त फायदा मिलेगा।

‘उड़ेगा आम आदमी’ – रीवा को भी मिल सकती है नई उड़ान

डिप्टी सीएम राजेंद्र शुक्ल ने दिल्ली में नागरिक उड्डयन मंत्री से रीवा से इंदौर, दिल्ली, हैदराबाद और प्रयागराज के लिए उड़ानों की मांग रखी है। जल्द ही यहां से भी हवाई सेवा की घोषणा संभव है। अगर मंजूरी मिली तो विंध्य क्षेत्र को मिलेगा बहुत बड़ा फायदा।

शिप्रा किनारे 29 किमी घाट – संस्कृति और पर्यटन का मेल 

पीएम मोदी शिप्रा नदी के दोनों किनारों पर बनने वाले 29 किमी घाट निर्माण की आधारशिला भी रखेंगे। इससे धार्मिक पर्यटन को जबरदस्त बूस्ट मिलेगा और उज्जैन को मिलेगा नया रूप।