राजस्थान में विधानसभा चुनाव के प्रत्याशियों की लिस्ट के बाद बीजेपी और कांग्रेस में तमाम नेता बगावत पर उतर आए हैं। वहीं राजसमंद  से दीप्ति माहेश्वरी का टिकट मिलने के बाद भारतीय जनता पार्टी में बवाल मचा हुआ है। कई नेताए इसके चलते पार्टी छोड़ रहे हैं।

जयपुर. राजस्थान में विधानसभा चुनाव का शंखनाद हो चुका है। आज से करीब 32 दिन बाद राजस्थान में विधानसभा चुनाव के लिए मतदान होना है और फिर उसके 8 दिन बाद यानि 3 दिसंबर को राजस्थान में विधानसभा चुनाव की मतगणना होगी। भारतीय जनता पार्टी और कांग्रेस दोनों अपनी प्रत्याशियों की दो सूची जारी कर चुकी है।

Add Asianetnews Hindi as a Preferred SourcegooglePreferred

पिता रह चुके हैं राजस्थान के कद्दवार नेता

भारतीय जनता पार्टी की दूसरी सूची में पार्टी ने विधानसभा चुनाव 2023 के लिए राजसमंद विधानसभा सीट से दीप्ति माहेश्वरी को अपना उम्मीदवार घोषित किया है। दीप्ति माहेश्वरी पूर्व दिवंगत विधायक किरण माहेश्वरी की बेटी है। जिनका कोरोना के दौरान निधन हो गया और फिर जब इसके बाद उपचुनाव हुआ तो वहां दीप्ति महेश्वरी को भारतीय जनता पार्टी ने सिंपैथी के आधार पर टिकट दिया और उन्होंने वह चुनाव जीत लिया ऐसे में अब एक बार फिर पार्टी ने दीप्ति पर दाव खेला है।

दीप्ति के टिकट के बाद कई नेताओं ने दिया इस्तीफा

नहीं अब दीप्ति को विधानसभा का टिकट मिलने के बाद राजसमंद में विरोध लगातार बढ़ता जा रहा है। वहां के नेता प्रतिपक्ष हिम्मत कुमावत ने अपने पद से इस्तीफा दे दिया है। इसके साथ ही भाजपा के लोकल नेताओं और कार्यकर्ताओं ने पार्टी कार्यालय में जमकर तोड़फोड़ भी की। पार्टी कार्यकर्ताओं और नेताओं का कहना है कि आखिरकार एक ही परिवार को टिकट देने की धरना कब खत्म की जाएगी। ऐसे में अब देखना होगा कि पार्टी यहां पर डैमेज कंट्रोल के लिए क्या करती है।