लखनऊ (Uttar Pradesh) । लॉकडाउन में अलग-अलग राज्यों में फंसे यूपी के लोगों को लेकर मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ चिंतित हैं। सरकार के एक अनुमान के मुताबिक देश के अलग-अलग राज्यों में 10 लाख लोग हैं, जो यूपी के रहने वाले हैं। अब सरकार की मदद से ये जल्द ही अपने घर आ सकेंगे, क्योंकि इनके वापसी के लिए सरकार ने कवायद शुरू कर दी है। सरकार के एक वरिष्ठ अधिकारी के मुताबिक अलग-अलग राज्यों में फंसे लोगों की चरणबद्ध तरीकें से वापसी होनी है। जिसकी भी तैयारी चल रही है।

हरिणाया से आ चुके हैं लोग
मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने लॉकडाउन दौरान अन्य प्रदेशों में फंसे मजदूरों व कामगारों की घर वापसी का आदेश दिया है। हरियाणा से मजदूरों व कारीगरों को लाया भी जा चुका है, जिन्हें अलग-अलग जिलों में क्वारंटाइन किया गया है। दरअसल एक अनुमान के मुताबिक देश के अलग-अलग राज्यों में 10 लाख लोग हैं, जो यूपी के रहने वाले हैं। सरकार की मदद से अब जल्द ही चरणबद्ध तरीकों से उनकी वापसी होनी है।

यहां पूरी करनी होगी क्वारंटाइन की अवधि
सीएम ने निर्देश दिया है कि जो भी लोग यूपी में आएंगे सभी को 14 दिन की क्वारंटाइन अवधि पूरी करनी होगी। लिहाजा इसके लिए शहरों में नगर निगम, नगर पंचायत और गांव में ग्राम पंचायत और ग्राम प्रधानों को क्वारंटाइन शेल्टर बनाने के लिए कहा गया है। इसके तहत शहर में मैरिज हॉल में लोगों को ठहराया जाएगा, जबकि गांवों में स्कूल, कॉलेज, बारात घर में ऐसी व्यवस्था की जाएगी।

इनकी भी मांग हो जाएगी पूरी
बसपा मुखिया मायावती और कांग्रेस महासचिव प्रियंका गांधी ने राजस्थान के कोटा में फंसे छात्रों को वापस लाए जाने पर उत्तर प्रदेश की योगी सरकार की सराहना की थी। लेकिन, साथ ही प्रदेश सरकार से मजदूरों की मदद करने और उन्हें अलग अलग राज्यों से वापस लाकर उनके घरों तक पहुंचाने की अपील भी की थी।