एटीएस की पूछताछ में आरोपी मुर्तजा के परिवार ने बताया कि  रैंगिंग के चलते उसने आईआईटी का हॉस्चल छोड़ दिया था। वह मानसिक रूप से काफी परेशान हो गया था। इस कारण उसे परिवार के साथ मुंबई में रखकर आईआईटी में पढ़ाया गया।  

गोरखपुर: मुर्तजा पर देशद्रोह की धारा बढ़ाई जा सकती है। बीते रविवार को एनआईए का टीम ने मुर्तजा से पूछताछ की है। जल्द ही वह अपनी रिपोर्ट केंद्रीय गृह मंत्रालय को सौंपेगी। बता दें कि मुर्तजा ने तीन अप्रैल की देर शाम गोरखनाथ मंदिर की सुरक्षा में तैनात पुलिसकर्मियों पर बांकी से हमला किया था। उसके ऊपर गोरखनाथ थाना में कई गंभीर धाराओं में केस दर्ज हुआ था और चार अप्रैल को गोरखनाथ पुलिस ने उसे कोर्ट में पेश कर पूछताछ के लिए कस्टडी रिमांड में लिया था। 

Add Asianetnews Hindi as a Preferred SourcegooglePreferred

रिमांड बढ़ाने की मांग कर सकती है एटीएस
मुर्तजा अब्बासी की रिमांड सोमवार को समाप्त हो रही है, आतंकरोधी दस्ता (एटीएस) की टीम उसे कोर्ट में पेश कर अब तक बरामद सबूतों का हवाला देकर रिमांड बढ़ाने की मांग कर सकती है। जानकारी के मुताबिक एटीएस की पूछताछ में आरोपी मुर्तजा के परिवार ने बताया कि रैंगिंग के चलते उसने आईआईटी का हॉस्चल छोड़ दिया था। वह मानसिक रूप से काफी परेशान हो गया था। इस कारण उसे परिवार के साथ मुंबई में रखकर आईआईटी में पढ़ाया गया। 

मुर्तजा पर बढ़ाई जा सकती हैं देशद्रोह की धाराएं
सूत्रों के मुताबिक मुर्तजा के इस्लामिक स्टेट (आईएस) से जुड़े लोगों के साथ रिश्तों पर और जेहाद को बढ़ावा देने वाला एप बनाने की उसकी योजना पर भी सवाल हुए। सूत्रों के अनुसार, वह इस एप को आईएसआईएस के लिए उपयोग में लाने जैसा बनाना चाहता था। माना जा रहा है कि मुर्तजा पर देशद्रोह की धाराएं बढ़ाई जा सकती हैं। 

11 अप्रैल तक पुलिस को मुर्तजा की रिमांड मिली थी। पांच अप्रैल को केस की विवेचना एटीएस को ट्रांसफर हो गई। पांच अप्रैल की रात में ही एटीएस उसे लेकर लखनऊ हेड ऑफिस चली गई। वहीं पर मुर्तजा अब्बासी और उससे जुड़े लोगों से पूछताछ की जा रही है। 

सूत्रों के मुताबिक अब तक की जांच में सामने आए तथ्य के बारे में एटीएस की तरफ से कोर्ट को बताया जा सकता है। यही नहीं, अन्य तथ्यों की जरूरत होने पर एटीएस कस्टडी रिमांड बढ़ाने की भी मांग कर सकती है। हालांकि यह कोर्ट पर निर्भर करेगा कि उनके आवेदन पर क्या निर्णय लेती है। यह भी संभव है कि अब तक की पूछताछ में एटीएस ने सारे तथ्य जुटा लिए हों और रिमांड की मांग ही न करे।

अलीगढ़ में ज़मीन विवाद के बीच मारपीट से हुई मौत,पीड़ित परिवार ने नायब तहसीलदार पर लगाया हत्या का आरोप