यूपी में CAA के विरोध को लेकर हुए प्रदर्शनों के बाद पुलिस एक्शन में है। पुलिस की कार्रवाई में सूबे में अब तक 164 एफआईआर दर्ज की जा चुकी हैं। वहीं 879 व्यक्तियों को गिरफ्तार किया गया है। पुलिस जांच में सामने आये तथ्यों के अनुसार दंगाई अवैध तमंचों से फायरिंग कर रहे थे

लखनऊ(Uttar Pradesh ).  यूपी में CAA के विरोध को लेकर हुए प्रदर्शनों के बाद पुलिस एक्शन में है। पुलिस की कार्रवाई में सूबे में अब तक 164 एफआईआर दर्ज की जा चुकी हैं। वहीं 879 व्यक्तियों को गिरफ्तार किया गया है। पुलिस जांच में सामने आये तथ्यों के अनुसार दंगाई अवैध तमंचों से फायरिंग कर रहे थे। इसी फायरिंग में कई प्रदर्शनकारियों की जान भी गई। पुलिस ने तमंचे व कारतूसों के खोखे बरामद किए हैं। 

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बता दें कि यूपी में CAA के विरोध को लेकर गुरूवार से हिंसा की आग अचनाक भड़क उठी थी । यह हिंसा अगले दिन शुक्रवार को भी जारी रही। सूबे के तकरीबन दो दर्जन जनपदों में CAA के विरोध में प्रदर्शन कर रहे हजारों लोग सड़क पर उतर गए और जमकर कहर ढाया। कई गाड़ियों को आग के हवाले करने के साथ ही मीडिया व पुलिस की गाड़ियां भी आग के हवाले कर दी गई। इस बवाल में कई पुलिसकर्मी भी घायल हुए हैं। 

अवैध तमंचों से दंगाई कर रहे थे फायरिंग 
पुलिस जांच में कई चौकाने वाली बातें सामने आई हैं। प्रदर्शनकारियों ने सिर्फ आगजनी व पत्थरबाजी ही नहीं बल्कि गोलियां भी चलाई थीं। इन्ही की गोली से 15 से अधिक प्रदर्शनकारियों की मौत भी हो गई। जबकि तकरीबन 65 पुलिसकर्मी गोली लगने से घायल हुए हैं। पुलिस की छानबीन में घटनास्थलों से 647 कारतूसों के खोखे बरामद हुए हैं। इसके आलावा 69 जीवित कारतूस व 35 अवैध तमंचे भी बरामद हुए हैं। 

5000 से अधिक लोग हिरासत में 
10 दिसंबर से अब तक प्रदेश के विभिन्न जनपदों में प्रदर्शनों, आगजनी, तोड़फोड़ एवं पुलिस पर फायरिंग आदि की घटनाओं में 164 मुकदमे दर्ज किए गए हैं। इनमें 879 व्यक्तियों को गिरफ्तार किया गया है। जबकि पुलिस द्वारा 5312 लोगों को हिरासत में लेकर निरोधात्मक कार्यवाही की गई है। 

नियंत्रण में है कानून व्यवस्था 
डीजीपी मुख्यालय की ओर से जारी बयान में ये कहा गया है कि सूबे में प्रदर्शनकारियों को चिन्हित कर उनके खिलाफ कार्रवाई जारी है। इसके आलावा संदिग्ध लोगों व हिंसा में सहयोग करने वालों को भी चिन्हित किया जा रहा है। सूबे मे स्थिति नियंत्रण में है। लॉ एंड आर्डर मेंटेन है।