हटके डेस्क। अमेरिका के न्यूयॉर्क शहर में टाइम्स स्क्वेयर पर एक ऐसा बिलबोर्ड लगा है, जिस पर राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रम्प को रस्सियों से बंधा दिखाया गया है। एक महिला जो एथेलेटिक्स के कपड़ों में है, उन्हें लाल और नीली रस्सियों से बांध कर खींचती नजर आ रही है और उसका एक पैर ट्रम्प के चेहरे पर है। बता दें कि पोर्टलैंड स्थित एक क्लोदिंग कंपनी धवानी (Dhvani) ने 30 फुट ऊंचे इस बिलबोर्ड पर ट्रम्प को इस रूप में अपने एक एडवर्टाइजिंग कैम्पेन के तहत दिखाया है। यह ऐड पिछले मंगलवार को लगाया गया है। डोनाल्ड ट्रम्प को इस तरह से दिखाए जाने पर अमेरिका में बवाल मच गया है। ट्रम्प के लड़के डोनाल्ड ट्रम्प जूनियर ने इस ऐड पर आपत्ति जताते हुए मीडिया की इस बात के लिए आलोचना की है कि उसने अब तक इस पर कुछ भी नहीं लिखा।
 
डोनाल्ड ट्रम्प जूनियर ने ट्वीट कर किया विरोध
डोनाल्ड ट्रम्प जूनियर ने ट्वीट कर इस ऐड का विरोध किया है और कहा है कि पहले भी उनके पिता का मीम बनाया गया था, जिसे महज 8 लोगों ने देखा और फिर टाइम्स स्क्वेयर में बिलबोर्ड पर उन्हें इस तरह दिखा कर शर्मनाक हरकत की गई है। उन्होंने इस तरह का ऐड बनाने वालों को पाखंडी कहा। ट्रम्प जूनियर ने उस पैरोडी वीडियो का भी जिक्र किया जो ट्रम्प के मियामी गोल्फ रिजॉर्ट में दिखाया गया था। इस वीडियो में ट्रम्प का एक कैरिकेचर दिखाया गया था। इसमें ट्रम्प मीडिया के लोगों और दूसरे आलोचकों की हत्या करते नजर आ रहे थे। 

क्या कहा धवानी कंपनी के सीईओ ने
धवानी कंपनी के सीईओ अवि ब्राउन ने मीडिया से कहा कि यह बिलबोर्ड अमेरिका की स्वास्थ्य नीतियों में ट्रम्प द्वारा किए जा रहे बदलावों पर एक प्रतिक्रिया के रूप में लगाया गया है। ट्रम्प प्रशासन ने फैमिली प्लानिंग प्रोग्राम की फेडरल फंडिंग को ब्लॉक कर दिया है। इससे उन पेशेन्ट्स को बहुत दिक्कतों का सामना करना पड़ रहा है, जिन्हें अबॉर्शन कराने की सलाह दी जाती है। ब्राउन ने कहा कि हम इतिहास की सही दिशा में हैं। यह बिलबोर्ड सुधारों के लिए हमारे अधिकारों की अभिव्यक्ति के रूप में है। इसकी कला प्रतीकात्मक है। हम कभी हिंसा को स्वीकार नहीं कर सकते। यह विज्ञापन दिखाता है कि हमारा देश पीछे जा रहा है। ब्राउन ने कहा कि ट्रम्प ने ऐसे रूल बना दिए हैं कि पेशेन्ट्स को अबॉर्शन, सेक्स एजुकेशन और गर्भ-निरोधकों के बारे में जानकारी नहीं दी जा सकती है। वे डॉक्टरों और नर्सों को इस बात के लिए बाध्य करने की कोशिश कर रहे हैं कि वे अपने मरीजों से क्या कहें और क्या नहीं कहें। 

कंपनी का क्या है कहना
इस विज्ञापन के वॉयलेंट नेचर को देखते हुए धवानी और बिलबोर्ड का संचालन करने वाली एजेंसी लैमर एडवर्टाइजिंग के बीच मामूली विवाद भी हुआ। लैमर एडवर्टाइजिंग के डिजिटल मार्केटिंग कोऑर्डिनेटर ग्रेसअन वुल्फ ने कहा कि कंपनी राष्ट्रपति की तस्वीर का इस्तेमाल करना चाहती थी, लेकिन हमने इसके लिए मना कर दिया। धवानी कंपनी ने कहा कि बिलबोर्ड में जो मॉडल दिखाई दे रही हैं, वह मिशल मेसा हैं। वह मरीन कॉर्प्स वेटरन होने के साथ ही मिडल स्कूल की टीचर हैं। वहीं, धवानी के सीईओ ने कहा कि इस बिलबोर्ड के लगाने से कंपनी की वेबसाइट पर ट्रैफिक बढ़ा है और प्रोडक्ट्स की बिक्री में भी तेजी आई है।