अमेरिकी राष्ट्रपति जो बाइडेन ने हिरोशिमा में कहा कि हम चीन से अलग होने के बारे में नहीं सोच रहे हैं। हम चीन के साथ अपने संबंधों को जोखिम मुक्त और विविधतापूर्ण बनाना चाहते हैं।

हिरोशिमा। जी 7 के शिखर सम्मेलन (G7 Summit) में जापान के हिरोशिमा पहुंचे अमेरिकी राष्ट्रपति जो बाइडेन ने कहा है कि उनकी देश चीन के साथ टकराव नहीं चाहता है। अमेरिका नहीं चाहता है कि वह महत्वपूर्ण सामानों की सप्लाई के लिए किसी एक देश पर निर्भर रहे।

Add Asianetnews Hindi as a Preferred SourcegooglePreferred

एक प्रेस कॉन्फ्रेंस के दौरान जो बाइडेन ने कहा, "हम चीन से अलग होने के बारे में नहीं सोच रहे हैं। हम चीन के साथ अपने संबंधों को जोखिम मुक्त और विविधतापूर्ण बनाना चाहते हैं।"

जो बाइडेन ने कहा कि हम सप्लाई चेन में विविधता लाने पर काम कर रहे हैं। हम जरूरी प्रोडक्ट के लिए किसी एक देश पर निर्भर नहीं रहेंगे। जी 7 ने चीन के प्रति उनके दृष्टिकोण और उनकी आपूर्ति श्रृंखलाओं में विविधता लाने की आवश्यकता पर सहमति व्यक्त की है ताकि वे एक देश पर निर्भर न हों।

बाइडेन ने कहा कि उन्हें उम्मीद है कि इस साल की शुरुआत में एक घटना के कारण तनाव के बाद "जल्द ही" चीन के साथ संबंधों में ठंडक आ जाएगी। दरअसल, अमेरिका ने एक चीनी गुब्बारे को मार गिराया था। यह गुब्बारा अमेरिका के संवेदनशील सैन्य ठिकानों पर उड़ रहा था।

अमेरिकी आसमान में चीनी गुब्बारों के उड़ने से बिगड़े संबंध
बाइडेन ने कहा कि नवंबर में बाली के इंडोनेशियाई द्वीप पर जी20 शिखर सम्मेलन में चीनी राष्ट्रपति शी जिनपिंग के साथ उनकी बातचीत के बाद के महीनों में अमेरिका-चीन संबंध बिगड़ गए थे। प्रेस कॉन्फ्रेंस में बाइडेन से पूछा गया कि अमेरिका और चीन के बीच हॉटलाइन पर क्यों बात नहीं हो रही है? इसपर बाइडेन ने कहा, "आप सही हैं, हमें एक ओपन हॉटलाइन रखने की जरूरत है। बाली में मुलाकात के दौरान राष्ट्रपति शी और मैं इसपर सहमत हुए थे।"

बाइडेन ने कहा कि संयुक्त राज्य अमेरिका के ऊपर दो गुब्बारों को मूर्खतापूर्ण तरीके से उड़ाया गया। उनमें जासूसी उपकरण थे। इसे गिरा दिया गया। इसके बाद एक-दूसरे से बातचीत के मामले में सबकुछ बदल गया। मुझे लगता है कि जल्द ही चीन और अमेरिका के संबंध ठीक होना शुरू होंगे।