अमेरिकी राष्ट्रपति जो बाइडेन के कार्यकाल समाप्त होने से पहले ही हमास-इज़राइल युद्धविराम को वास्तविकता में बदलने का निर्देश पहले ही दिया जा चुका था।

दोहा: इज़राइल-हमास युद्धविराम वार्ता में महत्वपूर्ण प्रगति। अमेरिका और क़तर की मध्यस्थता में हुई वार्ता में युद्धविराम पर सहमति बनी है। युद्धविराम से संबंधित एक मसौदा हमास और इज़राइल को सौंप दिया गया है। मध्यस्थता के प्रयासों के तहत दोनों देशों को क़तर ने मसौदा सौंपा है, जैसा कि रॉयटर्स और अरब न्यूज़ सहित कई समाचार एजेंसियों ने रिपोर्ट किया है। इज़राइली खुफिया एजेंसी मोसाद के प्रमुख सहित अन्य लोगों के साथ क़तर और अमेरिका की वार्ता में यह महत्वपूर्ण प्रगति हुई है। इसके बाद सामने आई खबर शांति चाहने वालों के लिए बड़ी उम्मीद जगाती है।

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विस्तृत जानकारी इस प्रकार है

हमास-इज़राइल युद्धविराम वार्ता लंबे समय से चल रही थी। इसी बीच क़तर के नेतृत्व में हुई वार्ता में महत्वपूर्ण प्रगति हुई। शांति समझौते का स्वरूप क्या होगा, इसका अंतिम रूप क्या होगा, यह जानना बाकी था। आखिरकार कल आधी रात को अमेरिका, इज़राइल, हमास और क़तर के प्रतिनिधियों के बीच हुई वार्ता में युद्धविराम पर अंतिम सहमति बनी। समाचार एजेंसियों के अनुसार, यही अंतिम सहमति अब क़तर ने इज़राइल और हमास को मसौदे के रूप में सौंपी है। दोनों देशों के अंतिम निर्णयों को मिलाकर ही युद्धविराम समझौता वास्तविकता में बदल पाएगा। अमेरिकी राष्ट्रपति जो बाइडेन के कार्यकाल समाप्त होने से पहले ही हमास-इज़राइल युद्धविराम को वास्तविकता में बदलने का निर्देश पहले ही दिया जा चुका था। इसी के तहत चल रही वार्ता अब मसौदे के चरण में पहुँच गई है। युद्धविराम समझौता जल्द से जल्द लागू होने पर सेना की वापसी चरणबद्ध तरीके से होगी। इसके साथ ही बंदियों की अदला-बदली भी होगी। इस मामले में अमेरिका, इज़राइल, क़तर और हमास देशों की पुष्टि होना बाकी है। युद्धविराम के लिए चरणबद्ध समझौते हुए थे। लेकिन बीच में इसके उल्लंघन के कारण ही युद्धविराम समझौता लंबा खिंच गया।