Mohammad Yunus: बांग्लादेश में एक बार फिर सियासी संकट गहराता दिख रहा है। अंतरिम सरकार के प्रमुख मोहम्मद यूनुस ने मौजूदा हालात से परेशान होकर इस्तीफा देने के संकेत दिए हैं।

Mohammad Yunus: पड़ोसी देश बांग्लादेश में एक बार फिर सियासी हलचल तेज हो गई है। खबर है कि वहां की अंतरिम सरकार के प्रमुख मोहम्मद यूनुस इस्तीफा दे सकते हैं। उन्होंने खुद कहा है कि मौजूदा हालात में राजनीतिक पार्टियों के साथ काम करना उनके लिए काफी मुश्किल हो गया है।

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इस्तीफा देने की जताई इच्छा

मीडिया रिपोर्ट्स के मुताबिक, यूनुस ने देश की वर्तमान स्थिति को देखते हुए इस्तीफा देने की इच्छा जताई है। उन्होंने कहा कि उन्हें ऐसा लग रहा है कि वह बंधक बन गए हैं। इस बयान से बांग्लादेश की राजनीति में हलचल मच गई है और एक बार फिर सत्ता परिवर्तन की अटकलें लगाई जा रही हैं।

नेशनल सिटिजन पार्टी के प्रमुख निहद इस्लाम ने कही ये बात

बीबीसी बांग्ला की एक रिपोर्ट के मुताबिक, छात्र नेतृत्व वाली नेशनल सिटिजन पार्टी के प्रमुख निहद इस्लाम ने बताया कि 22 मई की रात से ही यूनुस के इस्तीफे की चर्चा हो रही है। निहद इस्लाम ने कहा, "हम सुबह से सुन रहे हैं कि सर (यूनुस) इस्तीफा दे सकते हैं। इसी विषय पर बात करने मैं उनसे मिलने गया था। उन्होंने बताया कि मौजूदा हालात में वह खुद को असहाय महसूस कर रहे हैं और सोच रहे हैं कि क्या उन्हें पद पर बने रहना चाहिए या इस्तीफा दे देना चाहिए।"

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यूनुस से इस्तीफा न देने की अपील की

एनसीपी के नेता निहद इस्लाम जो इस साल फरवरी में प्रोफेसर मुहम्मद यूनुस के समर्थन से राजनीति में उभरे थे। अब उन्होंने यूनुस से इस्तीफा न देने की अपील की है। उन्होंने कहा कि उन्होंने यूनुस से देश की सुरक्षा और भविष्य को देखते हुए मजबूती से काम पर टिके रहने और जनता की उम्मीदों पर खरा उतरने को कहा है। निहद इस्लाम ने बताया कि उन्होंने यूनुस से आग्रह किया कि राजनीतिक दलों को एकजुट होकर उनके साथ सहयोग करना चाहिए। उन्होंने उम्मीद जताई कि सभी दल यूनुस का साथ देंगे।

“ यूनुस को अपना काम करने के लिए जरूरी समर्थन नहीं मिलता”

हालांकि, निहद इस्लाम ने यह भी कहा कि अगर यूनुस को अपना काम करने के लिए जरूरी समर्थन नहीं मिलता, तो उनके पद पर बने रहने का कोई फायदा नहीं है। उन्होंने कहा, "अगर राजनीतिक दल चाहते हैं कि वो इस्तीफा दें और उन्हें भरोसा या सहयोग नहीं मिल रहा है, तो फिर वो क्यों रुकें?"