टोरंटो (Toronto). कनाडा के प्रधानमंत्री जस्टिन ट्रुडो ने शुक्रवार को यह स्वीकार किया कि बहुत साल पहले किए गए नस्ली मेकअप से उन्होंने अपने समर्थकों को निराश किया है।

ट्रूडो ने संवाददाता सम्मेलन में कहा कि मैंने लोगों को दुख पहुंचाया जिन्होंने कई मामलों में मुझे अपना सहयोगी माना। 47 वर्षीय ट्रूडो 21 अक्टूबर को होने वाले चुनावों में दूसरी बार चुने जाने की कोशिश में हैं। इन चुनावों में उनके मुख्य प्रतिद्वंद्वी कंजर्वेटिव पार्टी के एंड्रयू शीर ने नस्ली मेकअप के खुलासों के बाद उन्हें “शासन के लिए लायक नहीं” बताया था।

लेकिन प्रधानमंत्री की लिबरल पार्टी के कई नामी लोग ट्रूडो का समर्थन कर रहे हैं। इनमें विदेश मंत्री क्रिस्टिया फ्रीलैंड का भी नाम शामिल है जो ट्रूडो के हारने पर लिबरल नेता बनने की सबसे प्रबल दावेदार हैं। राजनीति और सरकार में सक्रिय, कनाडा के कई अल्पसंख्यक ट्रूडो को माफ करने के लिए तैयार हैं।

रक्षा मंत्री हरजीत सज्जन (सिख) ने ट्विटर पर कहा, “जितना मैं जस्टिन को जान पाया हूं, मैं जानता हूं कि ये तस्वीरें आज के ट्रूडो को नहीं दर्शाती और मैं जानता हूं कि उन्हें इस बात का कितना दुख है।”

टोरंटो विश्वविद्यालय में राजनीति विज्ञान के प्रोफेसर नेलसन वाइसमैन ने अनुमान जताया है कि ट्रूडो इस मामले से आसानी से बाहर निकल आएंगे। वाइसमैन ने कहा, “बल्कि मुझे लगता है कि उन्हें सहानुभूति ही मिल रही है।” उन्होंने इस कथन को भी गलत बताया कि नस्ल या विविधता के मामले में ट्रूडो ढोंगी हैं और इस ओर भी ध्यान दिलाया कि ट्रूडो का मंत्रिमंडल लिंग एवं नस्ली पृष्ठभूमि के लिहाज से कनाडाई इतिहास का सबसे विविध मंत्रिमंडल है।

 

[यह खबर समाचार एजेंसी भाषा की है, एशियानेट हिंदी टीम ने सिर्फ हेडलाइन में बदलाव किया है]