रूस के राष्ट्रपति व्लादिमीर पुतिन अगले साल राष्ट्रपति पद से इस्तीफा दे सकते हैं। मीडिया रिपोर्ट्स के मुताबिक, 68 साल के पुतिन पार्किन्स बीमारी से जूझ रहे हैं। इसी के चलते उनकी गर्लफ्रेंड एलिना काबाऐवा उन पर इस्तीफे का दबाव डाल रही हैं।

मॉस्को. रूस के राष्ट्रपति व्लादिमीर पुतिन अगले साल राष्ट्रपति पद से इस्तीफा दे सकते हैं। मीडिया रिपोर्ट्स के मुताबिक, 68 साल के पुतिन पार्किन्स बीमारी से जूझ रहे हैं। इसी के चलते उनकी गर्लफ्रेंड एलिना काबाऐवा उन पर इस्तीफे का दबाव डाल रही हैं। पुतिन की बेटियां भी यही चाहती हैं कि वे पद छोड़े। पुलिस 1999 से रूस की सत्ता पर हैं। पहले वे रूस के प्रधानमंत्री थे। इसके बाद संविधान में परिवर्तन कर वे तीसरी और चौथी बार राष्ट्रपति बने। 

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ब्रिटिश अखबार 'द सन' ने पुतिन की बीमारी का खुलासा किया है। अखबार ने रूस की पॉलिटिकल एनालिस्ट वेलेरी सोलोवेई के हवाले से लिखा, पुतिन पर उनकी गर्लफ्रेंड और बेटियों का दबाव है कि वे इस्तीफा दें। बेलरी के मुताबिक, पुतिन पर परिवार का काफी प्रभाव है। परिवार की वजह से वे जनवरी में पद छोड़ने का ऐलान कर रहे हैं। 

पुतिन को पार्किंसन्स बीमारी 
वेलेरी ने अखबार में लिखा, आशंका है कि पुतिन को पार्किंसन्स बीमारी है। कुछ वक्त से उनमें ये लक्षण भी नजर आ रहे हैं। मीडिया ने उनके वीडियो फुटेज का एनालिसिस भी किया। इसमें पाया गया कि पुतिन की उंगलियां और पैर कांप रहे थे। वे बार-बार पैरों की पोजिशन बदलते नजर आए।

किसी भी राष्ट्रपति पर दायर नहीं हो सकेगा केस
मीडिया रिपोर्ट के मुताबिक, पुतिन के पद छोड़ने की खबर की टाइमिंग भी काफी अहम मानी जा रही है। दरअसल, रूसी संसद इस वक्त नए कानून पर विचार कर रही है। इसके मुताबिक, किसी भी पूर्व राष्ट्रपति पर केस नहीं किया जा सकेगा। 

क्या है पार्किंसन्स?
आंकड़ों के मुताबिक, दुनिया में पार्किंसन्स बीमारी से करीब 62 लाख लोग पीड़ित हैं। इस बीमारी के चलते हर साल करीब एक लाख लोगों की मौत हो जाती है। इस बीमारी में रोगी के शरीर में कंपकंपनी और कठोरता आती है। इतना ही नहीं चलने फिरने में भी दिक्कत आने लगती है।