
हेल्थ डेस्क: नाश्ता दिन का सबसे ज़रूरी मील है। यह पूरे दिन एनर्जी देता है और ब्लड शुगर लेवल कंट्रोल में रखता है। डायबिटीज रोगियों के लिए नाश्ता छोड़ने के नुकसान:
पहला
नाश्ता छोड़ने से ग्लूकोज मेटाबॉलिज्म बाधित होता है, जिससे लंच या डिनर के बाद ब्लड शुगर बढ़ सकता है।
दूसरा
नाश्ता छोड़ने से इंसुलिन सेंसिटिविटी कम होती है, जिससे शरीर ग्लूकोज का सही उपयोग नहीं कर पाता। इससे ब्लड शुगर बढ़ता है और इंसुलिन रेजिस्टेंस का ख़तरा रहता है।
तीसरा
इससे ज़्यादा कैलोरी और शुगर वाले खाने की क्रेविंग बढ़ती है, जो ब्लड शुगर कंट्रोल को बिगाड़ता है और खराब खानपान की आदतें डालता है।
चौथा
नाश्ता छोड़ने से ज़्यादा खाने की आदत पड़ती है, जिससे वज़न बढ़ता है और इंसुलिन रेजिस्टेंस बढ़कर डायबिटीज कंट्रोल को मुश्किल बनाता है।
ये भी पढे़ं- हेल्दी या हार्मफुल? शहद पीने के पीछे के 6 खतरों को जरूर जानें
Breast Milk बढ़ाने वाले 5 Amazing Foods
पाँचवाँ
नाश्ता छोड़ने से दिमाग़ को ग्लूकोज नहीं मिलता, जिससे स्ट्रेस और ध्यान की कमी होती है, जो रोज़मर्रा के कामों में दिक्कत पैदा करती है।
छठा
अध्ययन बताते हैं कि नाश्ता छोड़ने से LDL (बैड कोलेस्ट्रॉल) और ट्राइग्लिसराइड्स बढ़ते हैं, जिससे दिल की बीमारियों का ख़तरा बढ़ता है।
सातवाँ
नाश्ता छोड़ने से कॉर्टिसोल का स्तर बढ़ता है। सुबह ज़्यादा कॉर्टिसोल ब्लड शुगर बढ़ाता है।
आठवाँ
नाश्ता छोड़ने से इंसुलिन रेजिस्टेंस बढ़ता है और किडनी या आँखों की समस्या जैसी डायबिटीज से जुड़ी जटिलताएँ हो सकती हैं।
और पढ़ें- जायफल का पानी पीने के हैं अनगिनत फायदे, नहीं होगा कभी सिरदर्द
Health Tips in Hindi (हेल्थ टिप्स): Read latest fitness tips (फिटनेस टिप्स), health care tips for men and women in Hindi. Get exercise tips, diet plans to keep your body fit and healthy at Asianet New Hindi.