
गाजियाबाद में आचार्य प्रमोद कृष्णम ने पीएम नरेंद्र मोदी को अर्जुन और विपक्ष को कौरवों का कुनबा बताया। 2029 में मोदी की चौथी बार वापसी का दावा किया। खड़गे पर तंज और सपा-कांग्रेस गठबंधन पर भी बड़ा बयान दिया।
Acharya Pramod Krishnam: राजनीतिक गलियारों में बयानों के तीर इन दिनों काफी तेजी से चल रहे हैं। गाजियाबाद में आचार्य प्रमोद कृष्णम ने एक बार फिर विपक्ष पर जमकर निशाना साधा है। कांग्रेस की दिल्ली रैली और विपक्षी दलों के तेवरों पर प्रतिक्रिया देते हुए उन्होंने विपक्ष की तुलना सीधे तौर पर 'कौरवों' से कर डाली है। उनका कहना है कि विपक्ष प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को कमजोर समझकर चक्रव्यूह रच रहा है, लेकिन वे अभिमन्यु नहीं बल्कि अर्जुन हैं।
आचार्य प्रमोद कृष्णम का विपक्ष पर बड़ा हमला: 'मोदी अभिमन्यु नहीं, अर्जुन हैं'
दिल्ली में हो रही विपक्षी पार्टियों की महारैली को लेकर आचार्य प्रमोद कृष्णम ने बेहद तीखे तेवर दिखाए हैं। उन्होंने कहा कि पूरा का पूरा कौरवों का कुनवा एक बार फिर एकजुट हो रहा है और सभी महारथी मिलकर पीएम मोदी पर हमले कर रहे हैं। विपक्ष को यह अच्छी तरह समझ लेना चाहिए कि नरेंद्र मोदी अभिमन्यु नहीं बल्कि अर्जुन हैं, जो हर चक्रव्यूह को तोड़ना जानते हैं। उन्होंने बड़ा दावा करते हुए कहा कि तमाम घेराबंदी के बावजूद साल 2029 में देश की जनता एक बार फिर नरेंद्र मोदी को चौथी बार प्रधानमंत्री पद की शपथ दिलाएगी।
मल्लिकार्जुन खड़गे पर तंज और 'बुझी हुई राख' वाला बयान
कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खड़गे के बयानों और सड़क से संसद तक के विरोध प्रदर्शनों पर भी प्रमोद कृष्णम ने करारा प्रहार किया। उन्होंने कहा कि खड़गे जी अब 'दया के पात्र' बन चुके हैं। उनके बयानों में अब वो पुरानी धार या चिंगारी नहीं बची है। उन्होंने खड़गे की स्थिति को बुझी हुई राख और छूटी हुई कार्ट्रिज की तरह बताया, जिससे अब कोई बड़ा विस्फोट या असर होना मुमकिन नहीं है।
यूपी गठबंधन और स्वामी प्रसाद मौर्य पर तीखी टिप्पणी
उत्तर प्रदेश की राजनीति और सपा-कांग्रेस गठबंधन पर बोलते हुए उन्होंने इसे एक 'बेमेल रिश्ता' करार दिया, जो बहुत जल्द टूटने की कगार पर है। इसके अलावा, स्वामी प्रसाद मौर्य द्वारा हिंदू देवी-देवताओं के अपमान और समाजवादी पार्टी से दूरी पर भी उन्होंने बड़ा बयान दिया। उन्होंने कहा कि हिंदू समाज अब पूरी तरह जाग चुका है, जिससे विरोधी दलों के नेताओं की नींद उड़ी हुई है और वे घबराहट में हैं।