
नई दिल्ली: देश की राजधानी में शुक्रवार शाम हुई तेज बारिश ने दिल्ली की रफ्तार रोक दी। लेकिन सबसे ज्यादा चर्चा उस तस्वीर की हुई, जहां देश के सबसे व्यस्त अंतरराष्ट्रीय हवाई अड्डों में शामिल इंदिरा गांधी इंटरनेशनल एयरपोर्ट के आसपास पानी भर गया। सोशल मीडिया पर वीडियो और तस्वीरें सामने आने के बाद विपक्ष ने इसे सरकार के विकास मॉडल से जोड़ते हुए तीखे सवाल उठाए।
कांग्रेस ने दिल्ली एयरपोर्ट के जलभराव को लेकर सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म X पर तंज कसते हुए कहा कि यात्रियों के लिए अब “Beach View” की सुविधा उपलब्ध करा दी गई है और लोग बारिश के पानी की लहरों का आनंद ले रहे हैं। वहीं, Cockroach Janta Party (CJP) के संस्थापक अभिजीत डिपके ने हाल में जारी GDP Growth के आंकड़ों पर कटाक्ष करते हुए सिर्फ “7.8%” लिखकर सरकार पर निशाना साधा।
तेज बारिश के बाद IGI एयरपोर्ट के आसपास कई हिस्सों में भारी जलभराव की स्थिति देखी गई। Terminal-3 अंडरपास और टर्मिनल गेट्स के आसपास पानी भरने से यात्रियों और वाहन चालकों को परेशानी का सामना करना पड़ा। एयरपोर्ट को वसंत कुंज से जोड़ने वाला अंडरपास भी पानी से भर गया। महिपालपुर, वसंत कुंज और महरौली समेत कई इलाकों में जलभराव की तस्वीरें सामने आईं। IMD के अनुसार, शुक्रवार को पालम में सुबह 8:30 बजे से शाम 5:30 बजे के बीच 75.6 मिमी बारिश दर्ज की गई, जो शहर के प्रमुख मौसम केंद्रों में सबसे ज्यादा थी।
नरेंद्र मोदी के मार्गदर्शन में दिल्ली एयरपोर्ट पर यात्रियों के लिए Beach View की सुविधा दी गई है।
अब यहां यात्री बरसाती पानी की लहरों का आनंद उठा रहे हैं। pic.twitter.com/5Hf7ndcdqW— Congress (@INCIndia) September 4, 2026
यह भी पढ़ें: एक पोस्ट, ‘अंकल’ वाला बयान और फिर बड़ा झटका... आकाश आनंद की राजनीति में क्या हुआ?
बारिश का असर केवल एयरपोर्ट इलाके तक सीमित नहीं रहा। कनॉट प्लेस समेत लुटियंस दिल्ली के कई हिस्सों में भी पानी भरने से यातायात की रफ्तार धीमी पड़ गई। साउथ मोती बाग मेट्रो स्टेशन, अकबर रोड, काली बाड़ी मार्ग, बसंत गांव, सुब्रतो पार्क, ITO, मथुरा रोड और अन्य निचले इलाकों में जलभराव की सूचना मिली। कई जगहों पर वाहनों की लंबी कतारें लग गईं।
दिल्ली में हर मानसून के दौरान जलभराव की समस्या सामने आती रही है, लेकिन इस बार सवाल इसलिए ज्यादा उठ रहे हैं क्योंकि मामला देश के सबसे प्रमुख अंतरराष्ट्रीय एयरपोर्ट तक पहुंच गया। विपक्ष ने इसे विकास के दावों और जमीनी व्यवस्थाओं के बीच अंतर बताने की कोशिश की है। हालांकि, एक दिन की तेज बारिश के बाद सामने आई तस्वीरों से यह बहस जरूर तेज हो गई है कि क्या राजधानी का ड्रेनेज सिस्टम अचानक होने वाली भारी बारिश के लिए पर्याप्त रूप से तैयार है? अब सवाल सिर्फ इतना नहीं है कि दिल्ली में कितनी बारिश हुई, बल्कि यह भी है कि देश की राजधानी ऐसे हालात से निपटने के लिए कितनी तैयार है।
यह भी पढ़ें: माला पहनाने पहुंचे थे JDU नेता, भीड़ छंटी तो गले से गायब थी 7 लाख की चेन, फिर...
Asianet News Hindi पर पढ़ें देशभर की सबसे ताज़ा National News in Hindi, जो हम खास तौर पर आपके लिए चुनकर लाते हैं। दुनिया की हलचल, अंतरराष्ट्रीय घटनाएं और बड़े अपडेट — सब कुछ साफ, संक्षिप्त और भरोसेमंद रूप में पाएं हमारी World News in Hindi कवरेज में। अपने राज्य से जुड़ी खबरें, प्रशासनिक फैसले और स्थानीय बदलाव जानने के लिए देखें State News in Hindi, बिल्कुल आपके आसपास की भाषा में। उत्तर प्रदेश से राजनीति से लेकर जिलों के जमीनी मुद्दों तक — हर ज़रूरी जानकारी मिलती है यहां, हमारे UP News सेक्शन में। और Bihar News में पाएं बिहार की असली आवाज — गांव-कस्बों से लेकर पटना तक की ताज़ा रिपोर्ट, कहानी और अपडेट के साथ, सिर्फ Asianet News Hindi पर।