पीएम मोदी के चेहरे पर कोरोना संकट की चिंता और किया 3 मई तक लॉकडाउन  बढ़ाने का ऐलान

पीएम मोदी के चेहरे पर कोरोना संकट की चिंता और किया 3 मई तक लॉकडाउन  बढ़ाने का ऐलान

Published : Apr 14, 2020, 10:55 AM ISTUpdated : Feb 05, 2022, 03:23 PM IST
कोरोना के खिलाफ जारी जंग और लॉकडाउन के बीच प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने आज मंगलवार की सुबह 10 बजे एक बार फिर देश को संबोधित करते हुए कहा कि कोरोना महामारी की लड़ाई बहुत तेजी से आगे बढ़ रही है। देशवासियों के मदद से भारत कोरोना से होने वाले नुकसान को टालने में सहयोग दिया है।पीएम मोदी का संबोधन-यानि 3 मई तक हम सभी को, हर देशवासी को लॉकडाउन में ही रहना होगा। इस दौरान हमें अनुशासन का उसी तरह पालन करना है,जैसे हम करते आ रहे हैं। सभी का यही सुझाव है कि लॉकडाउन को बढ़ाया जाए। कई राज्य तो पहले से ही लॉकडाउन को बढ़ाने का फैसला कर चुके हैं।सारे सुझावों को ध्यान में रखते हुए ये तय किया गया है कि भारत में लॉकडाउन को अब 3 मई तक और बढ़ाना पड़ेगा। इन सब प्रयासों के बीच, कोरोना जिस तरह फैल रहा है, उसने विश्व भर में हेल्थ एक्सपर्ट्स और सरकारों को और ज्यादा सतर्क कर दिया है।
वीडियो डेस्क। कोरोना के खिलाफ जारी जंग और लॉकडाउन के बीच प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने आज मंगलवार की सुबह 10 बजे एक बार फिर देश को संबोधित करते हुए कहा कि कोरोना महामारी की लड़ाई बहुत तेजी से आगे बढ़ रही है। देशवासियों के मदद से भारत कोरोना से होने वाले नुकसान को टालने में सहयोग दिया है।पीएम मोदी का संबोधन-यानि 3 मई तक हम सभी को, हर देशवासी को लॉकडाउन में ही रहना होगा। इस दौरान हमें अनुशासन का उसी तरह पालन करना है,जैसे हम करते आ रहे हैं। सभी का यही सुझाव है कि लॉकडाउन को बढ़ाया जाए। कई राज्य तो पहले से ही लॉकडाउन को बढ़ाने का फैसला कर चुके हैं।सारे सुझावों को ध्यान में रखते हुए ये तय किया गया है कि भारत में लॉकडाउन को अब 3 मई तक और बढ़ाना पड़ेगा। इन सब प्रयासों के बीच, कोरोना जिस तरह फैल रहा है, उसने विश्व भर में हेल्थ एक्सपर्ट्स और सरकारों को और ज्यादा सतर्क कर दिया है।


भारक की  स्थिति बेहतर-पीएम 
भारत में भी कोरोना के खिलाफ लड़ाई अब आगे कैसे बढ़े,इसे लेकर मैंने राज्यों के साथ निरंतर बात की है। अगर सिर्फ आर्थिक दृष्टि से देखें तो अभी ये मंहगा जरूर लगता है लेकिन भारतवासियों की जिंदगी के आगे, इसकी कोई तुलना नहीं हो सकती। सीमित संसाधनों के बीच,भारत जिस मार्ग पर चला है,उस मार्ग की चर्चा आज दुनिया भर में हो रही है।भारत ने holistic approach न अपनाई होती, integrated approach न अपनाई होती, तेज फैसले न लिए होते तो आज भारत की स्थिति कुछ और होती। लेकिन बीते दिनों के अनुभवों से ये साफ है कि हमने जो रास्ता चुना है, वो सही है।जब हमारे यहां कोरोना के सिर्फ 550 केस थे, तभी भारत ने 21 दिन के संपूर्ण लॉकडाउन का एक बड़ा कदम उठा लिया था। भारत ने, समस्या बढ़ने का इंतजार नहीं किया,बल्कि जैसे ही समस्या दिखी, उसे, तेजी से फैसले लेकर उसी समय रोकने का प्रयास किया ।आज पूरे विश्व में कोरोना वैश्विक महामारी की जो स्थिति है, आप उसे भली-भांति जानते हैं। अन्य देशों के मुकाबले, भारत ने कैसे अपने यहां संक्रमण को रोकने के प्रयास किए,आप इसके सहभागी भी रहे हैं और साक्षी भी।
35:14'भारत ने तलवारों से नहीं दिलों से दुनिया जीती' शिव साधना कर क्या बोले PM मोदी
03:59ED रेड पर ममता का पलटवार, दर्ज कराईं 2 FIR; हाईकोर्ट में भी हंगामा
04:08ED रेड के बाद सड़क पर उतरी TMC, गृह मंत्रालय के बाहर हंगामा!
03:13कोर्ट ने कहा- 'आपराधिक गिरोह!' लालू परिवार फंसा | Land For Job केस
06:169 जनवरी सुबह की बड़ी खबरें: तुर्कमान गेट हिंसा के बाद जुमे की नमाज को लेकर पुलिस अलर्ट
05:57‘हमारी एजेंसियों का इस्तेमाल…’ ममता बनर्जी ने केंद्र सरकार पर साधा तगड़ा निशाना!
05:06ED रेड, CM की एंट्री! I-PAC ऑफिस पर छापा और ममता का बड़ा आरोप
03:09कुत्ते हटेंगे तो चूहे बढ़ेंगे? सुप्रीम कोर्ट की सुनवाई में तंज
03:34दिल्ली में पत्थरबाजी के पीछे कौन? सपा सांसद से होगी पूछताछ | CCTV से 30 की पहचान
03:55बिहार में हिजाब पहनकर ज्वेलरी शॉप में एंट्री पर रोक! क्यों उठाया यह विवादित कदम?