Asianet News HindiAsianet News Hindi

शहादत को नमन : 29 नवंबर को थी शहीद ऋषि कुमार की बहन की शादी, मां से फोन पर बोला था- छुट्टी लेकर आ रहा हूं..

शहीद ऋषि कुमार की छोटी बहन की 29 नवंबर को होने वाली शादी की तैयारी कर रहे थे। चार दिन पहले ही उन्होंने अपनी मां से फोन पर बात किया था और कहा था कि छुट्टी लेकर जल्द ही घर आऊंगा।

bihar lieutenant rishi kumar was martyred in a blast nowshera in kashmir, his sister wedding was on november 29th in begusarai
Author
Begusarai, First Published Oct 31, 2021, 8:20 AM IST
  • Facebook
  • Twitter
  • Whatsapp

बेगूसराय (बिहार) : जिस परिवार में बेटी की शादी का तैयारियां चल रही थी, वहां जब इकलौते बेटे की शहादत की खबर पहुंची तो पूरा माहौल की गमगीन हो  गया। जम्मू-कश्मीर (Jammu & Kashmir) के राजौरी जिले में शनिवार शाम हुए ब्लास्ट में बिहार (bihar) के बेगूसराय (Begusarai) के 'लाल' लेफ्टिनेंट ऋषि रंजन सिंह और उनके एक साथी शहीद हो गए। उनकी शहादत की खबर जैसे ही गांव पहुंची, पूरा गांव ही गमगीन हो गया, घर में मातम छा गया है। लेफ्टिनेंट ऋषि की मां का रो-रोकर बुरा हाल है। घटना की खबर सुनकर आसपास के लोग और उनके जानने वाले उनके घर पहुंचकर परिवार को ढांढस बंधा रहे हैं। शहीद का पार्थिव शरीर के रविवार दोपहर तक बेगूसराय पहुंच सकता है।

29 नवंबर को है छोटी बहन की शादी
लेफ्टिनेंट ऋषि रंजन सिंह मुख्यालय के प्रोफेसर कॉलोनी के रहने वाले राजीव रंजन के बेटे थे। ऋषि कुमार एक साल पहले सेना में भर्ती हुए थे। वह 22 नवंबर को अपनी बहन की शादी में शामिल होने के लिए आने वाले थे। ऋषि अपने दो बहनों के इकलौते भाई और पिता के दो भाइयों में इकलौते चिराग थे। परिजनों ने बताया कि हम सभी ऋषि की छोटी बहन की 29 नवंबर को होने वाली शादी की तैयारी कर रहे थे। चार दिन पहले ही ऋषि ने अपनी मां से बात किया था और कहा था कि छुट्टी लेकर जल्द ही घर आऊंगा।

6 महीने पहले ही सेना में हुए थे भर्ती
ऋषि लखीसराय के पिपरिया के रहने वाले थे। कई साल पहले से ही जीडी कॉलेज के पास पिपरा रोड में घर बना कर रह रहे थे। दादा जी के रिफाइनरी में कार्यरत रहने के कारण यहीं बस गए थे। लेफ्टिनेंट ऋषि रंजन सिंह 6 महीने पहले ही सेना में ज्वॉइन किया था। एक महीने पहले ही जम्मू कश्मीर में पोस्टिंग हुई थी। शहीद की दो बहनें हैं। उनकी बड़ी बहन और बहनोई भी सेना में हैं। शहीद लेफ्टिनेंट ऋषि की छोटी बहन की शादी 29 नवंबर को तय थी और ऋषि 22 नवंबर को छुट्टी में घर आने वाले थे।

घर का 'चिराग' था ऋषि
ऋषि के शहीद होने पर उनके मामा सुदर्शन सिंह ने कहा कि सेना मुख्यालय से घर में फोन कर ऋषि के शहीद होने की जानकारी दी गई है। दो बहनों के घर में ऋषि इकलौता था। उसके जाने से घर वाले काफी दुखी हैं लेकिन गर्व भी है कि देश की रक्षा में ऋषि की शहादत हुई है। इधर घटना की सूचना मिलने के बाद सेना में ही कार्यरत ऋषि के रिश्तेदार मौके पर पहुंच चुके हैं। बेटे की शहादत की खबर के बाद से ही पूरा परिवार बेहाल है। 

शहादत को सलाम
केंद्रीय मंत्री गिरिराज सिंह ने इस शहादत पर नमन करते हुए ट्वीट कर  लिखा- लखीसराय के पिपरिया के मूल निवासी और बेगूसराय में बसे राजीव रंजन जी के लेफ़्टिनेंट पुत्र ऋषि रंजन जम्मू कश्मीर में शहीद हो गए है। यह पूरे परिवार व क्षेत्र के लिए बहुत पीड़ा दायक है, उनकी बहादुरी को सलाम। ईश्वर परिवार को इस दुख को सहने की शक्ति दे। ॐ शान्ति।

 

पेट्रोलिंग के दौरान विस्फोट में गई जान
ऋषि कुमार शनिवार की शाम अपने टीम के साथ बॉर्डर इलाके सुंदरवन सेक्टर के रजौरी नौशेरा में गश्त कर रहे थे। इसी दौरान शाम करीब 6 बजे विस्फोट में ऋषि समेत दो अधिकारी शहीद हो गए। कई जवान गंभीर रूप से घायल हो गए। कंपनी कमांडर ने शनिवार की देर शाम करीब 7:30 बजे पिता को फोन पर घटना की सूचना दी। सूचना के अनुसार सेना की टीम घटना के कारणों की जांच जारी है। अभी तक यह स्पष्ट नहीं हो सका है कि IED विस्फोट था या आतंकियों द्वारा किया गया कोई माइंस विस्फोट।

इसे भी पढ़ें-दुखद खबर: जैन संत विमद महाराज का पंखे से लटका मिला शव, 3 दिन पहले ही चातुर्मास पर आए थे इंदौर...
https://hindi.asianetnews.com/madhya-pradesh/jain-sant-acharya-shri-vimad-sagar-maharaj-committed-suicide-by-hanging-in-indore-r1sxpp

Follow Us:
Download App:
  • android
  • ios