निवेश के बल पर एक व्यक्ति 33 की उम्र में रिटायर हो गया और अब सादा जीवन जी रहा है। X पर वायरल इस कहानी ने जल्दी रिटायरमेंट पर बहस छेड़ दी है, क्योंकि कई लोग काम में ही सुकून और उद्देश्य पाते हैं।

Investment Plans: शांति और सुकून को देखने का हर किसी का नजरिया अलग होता है. कई लोग जवानी में काम करके, निवेश करके जल्दी रिटायर (retirement) होना चाहते हैं. समझदारी से निवेश करने वाले लोग जल्दी रिटायर होकर टेंशन फ्री और सादा जीवन जीते हैं. वे उस लाइफ को एंजॉय करते हैं. अब एक्स (X) पर ऐसा ही एक इन्वेस्टमेंट प्लान वायरल हो गया है. एक शख्स 33 साल की उम्र में ही रिटायर हो गया और उसका पुराना निवेश, एसआईपी (SIP) ही अब उसके परिवार का सहारा है. वह शख्स कम खर्च में सादा जीवन जी रहा है.

Add Asianetnews Hindi as a Preferred SourcegooglePreferred

उनका इन्वेस्टमेंट प्लान (Investment Plan) क्या था? 

निवेशक के मुताबिक, उन्होंने 25 साल की उम्र में लव मैरिज की थी. 28 साल की उम्र में उनके बेटे का जन्म हुआ, जो अब 10 साल का है. घर पर ही पढ़ाई कर रहे बेटे का नाम NIOS में रजिस्टर कराया गया है. वे सभी बिना किसी दबाव के अपनी रफ्तार से सीख रहे हैं. निवेश के बारे में पोस्ट करने वाले शख्स ने बताया कि अब वह 40 साल का है. उनके पास सालाना खर्च से ज्यादा पैसा है. फिर भी, वे किराए के घर में रहते हैं. क्रेडिट कार्ड का इस्तेमाल नहीं करते. उन्होंने आखिरी बार 2019 में सैलरी ली थी. उन्होंने कहा कि कई सालों से सिर्फ लॉन्ग-टर्म इन्वेस्टमेंट और SWP ही कर रहे हैं और हमारी जिंदगी सादी है, आपकी कहानी क्या है?

निवेश पर यूजर्स के कमेंट्स 

एक्स (X) पर यह पोस्ट वायरल हो गई है. कई लोगों ने अपने प्लान्स के बारे में बताया है. एक शख्स ने अपनी रिटायरमेंट लाइफ के बारे में जानकारी दी है. पीयूसी साइंस के बाद वह 20 साल की उम्र में IAF में शामिल हो गए थे. उन्होंने चेन्नई में ट्रेनिंग ली. लड़ाकू विमान सेवा में मदद करते हुए उन्होंने पूरे भारत में 20+ साल तक सेवा की. 2016 में वे MH रजिस्ट्रेशन डिपार्टमेंट में शामिल हुए. उन्होंने लिखा कि अब वे सादा जीवन जी रहे हैं और दूसरों की सेवा कर रहे हैं.

सादे जीवन पर अलग-अलग राय 

हर कोई सादे जीवन की परिभाषा को एक जैसा नहीं देखता. कई लोगों को जल्दी रिटायर होना पसंद नहीं होता. वे अपने काम से प्यार करते हैं. वे सिर्फ पैसे के लिए काम नहीं करते. कई लोगों का मानना है कि काम सुकून देता है और जिम्मेदारी काम करने के लिए मोटिवेट करती है. कमेंट करने वाले कुछ लोगों ने जल्दी रिटायरमेंट के बजाय काम करते रहने का समर्थन किया है. एक ने कहा, 'जब तक सेहत साथ देगी, मैं काम करूंगा. क्रेडिट कार्ड का इस्तेमाल दिखावे के लिए नहीं, बल्कि जरूरत पड़ने पर करता हूं और उससे फायदा भी उठाता हूं.' वहीं दूसरे ने कहा कि वह काम के साथ-साथ बहुत ज्यादा निवेश कर रहा है. एक और यूजर ने कमेंट किया, 'मैं चाहता हूं कि मेरा कमाया हुआ पैसा और पैसा कमाए. इसीलिए मैंने अपनी कमाई को बड़े पैमाने पर निवेश किया है. मुझे जल्दी रिटायरमेंट के बजाय ऐसी जिंदगी पसंद है जिसमें काम, घूमना, सेहत और शांति एक साथ हों.'